पिलखुवा के मोहल्ला सद्दीकपुरा में गिरी कच्चे मकान की छत। संवाद
पिलखुवा। क्षेत्र में लगातार तीन दिन से बारिश हो रही है। बृहस्पतिवार तड़के सद्दीकपुरा में कच्चे मकान की छत गिरने से 52 वर्षीय अशफाक और उनका 17 वर्षीय बेटा कासिम मलबे में दब गए। मौके पर पहुंची पुलिस और स्थानीय लोगों ने राहत अभियान चलाकर दोनों को मलबे से बाहर निकाला। उपचार के दौरान अशफाक की मौत हो गई। कासिम का इलाज जारी है।
परिजनों के अनुसार लगातार बारिश से कच्चे मकान की छत कमजोर हो गई थी। बुधवार रात अशफाक बेटे कासिम और नाजिम के साथ कमरे में सो रहे थे। उसी दौरान यह छत गिर गई। घटना में अशफाक के दूसरे बेटे नाजिम को भी मामूली चोट आई है। अशफाक मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करता था। उसकी पत्नी की पहले ही मृत्यु हो चुकी थी। घटना की सूचना पर नायब तहसीलदार दिव्यांशी सिंह मौके पर पहुंचीं। उन्होंने निरीक्षण कर राजस्व टीम से रिपोर्ट ली और पीड़ित परिवार को शासन के नियमानुसार राहत सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
किसान धर्मकांटा वाली गली में भी मकान ढहा
लगातार बारिश के बीच किसान धर्म कांटा वाली गली में बृहस्पतिवार सुबह करीब 20 साल से बंद पड़ा जर्जर मकान का ऊपरी हिस्सा ढह गया। स्थानीय लोगों के अनुसार मकान एडवोकेट महेश मित्तल का है, जो लंबे समय से हापुड़ में रह रहे हैं। छत और दीवार का हिस्सा टूटकर गली में गिरने से मलबा फैल गया। स्थानीय लोगों ने बारिश के मौसम को देखते हुए शहर के जर्जर भवनों का सर्वे कर आवश्यक कार्रवाई कराने की मांग की। नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी इंद्रपाल सिंह ने बताया कि लगातार बारिश के मद्देनजर शहर के जर्जर और खतरनाक भवनों का सर्वे कराया जाएगा। जिन भवनों से जनहानि की आशंका होगी, उनके स्वामियों को नोटिस जारी किए जाएंगे। आवश्यकता पड़ने पर नियमानुसार कार्रवाई भी की जाएगी, ताकि किसी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
पीड़ित परिवार को मिलेगी हरसंभव सहायता: दिव्यांशी सिंह
पिलखुवा। सद्दीकपुरा में कच्चा मकान गिरने से पिता की मौत और पुत्र के घायल होने की घटना के बाद प्रशासन ने पीड़ित परिवार को हरसंभव सहायता देने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। घटना की रिपोर्ट राहत आयुक्त कार्यालय भेज दी गई है। नायब तहसीलदार दिव्यांशी सिंह ने बताया कि पीड़ित का मकान जर्जर और कच्चा था। ऐसे में पात्रता के आधार पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत भी प्रस्ताव तैयार कराया जाएगा। इसके साथ ही आपदा राहत के अंतर्गत मिलने वाली आर्थिक सहायता भी उपलब्ध कराई जाएगी।
पिलखुवा के मोहल्ला सद्दीकपुरा में गिरी कच्चे मकान की छत। संवाद