बिगास में हो रहे अवैध खनन के खिलाफ भाकियू ने दिया धरना
हापुड़। गांव बिगास के पास हो रहे मिट्टी खनन में घपलेबाजी का आरोप लगाकर भाकियू कार्यकर्ताओं ने ग्रामीणों के साथ खनन में लगी मशीन व डंपर को रुकवा दिया। साथ ही धरना देकर नारेबाजी शुरु कर दी। सूचना पर एसडीएम ने कार्यकर्ताओं को समझाया, लेकिन वह कार्रवाई की मांग पर डटे रहे। जिसके बाद पांच डंपर पुलिस द्वारा जब्त कर लिए गए। हालांकि इस मामले में एफआईआर दर्ज नहीं किए जाने पर कार्यकर्ताओं ने आंदोलन की चेतावनी दी है। भाकियू के राष्ट्रीय सचिव कुशलपाल आर्य व प्रदेश सचिव रामपाल सिंह ने बताया कि हाईवे निर्माण के लिए वर्ष 2018 में मिट्टी खनन की यहां परमिशन ली गई थी, जो सिर्फ सात फीट की थी। लेकिन तब से खनन अब तक चल रहा है, निर्धारित रकबे से कई गुना अधिक रकबे से मिट्टी उठाई जा चुकी है। दस फिट तक खनन हो रहा है।
जिलाध्यक्ष विरेंद्र सिंह ने सड़क निर्माण के लिए यहां से दिनरात डंपर मिट्टी का खनन करते हैं। लेकिन अधिकारी इससे अंजान हैं। खनन से आसपास के किसानों के खेतों की सिंचाई भी मुश्किल हो गई है। क्योंकि पानी गड्ढों में टूट जाता है। अधिकारियों के संरक्षण से यह गोरखधंधा चल रहा है। इसके विरोध में कार्यकर्ता धरने पर बैठ गए और कार्य रुकवा दिया। मौके पर एसडीएम सत्यप्रकाश व पुलिस टीम पहुंची। उन्होंने कार्यकर्ताओं को समझाने का प्रयास किया। लेकिन कार्यकर्ता कार्रवाई की मांग पर अड़ गए, जिसके बाद पांच डंपर को पुलिस ने जब्त कर लिया। लेकिन शाम तक एफआईआर दर्ज नहीं किए जाने से भाकियू में रोष है। एफआईआर न करने पर आंदोलन की चेतावनी दी गई है। इस मौके पर भगतराम सिंह, तेजपाल सिंह, उदयवीर सिंह मुखिया, भगतराम सिंह, जसवंत गिरी, गुड्डू, बलराम सिंह, अमित चौधरी, सुरेंद्र सिंह, परमजीत आदि मौजूद रहे।