किसानों ने बिजलीघर पर ताला लगाकर जेई को बनाया बंधक
हापुड़। देहात अंचल में बिजली के अटपटे शेड्यूल के विरोध में सोमवार को किसानों का गुस्सा फूट पड़ा। भाकियू के आह्वान पर किसानों ने उबारपुर बिजलीघर पर ताला जड़कर हंगामा शुरू कर दिया। जेई को बंधक बनाकर नारेबाजी की। साथ ही संविदा कर्मियों पर अभद्रता का आरोप लगाया। करीब डेढ़ घंटे तक बिजलीघर पर किसानों का कब्जा रहा। एसडीओ द्वारा आठ दिन में समस्या के निस्तारण का आश्वासन देने पर किसान शांत हुए।
भाकियू के जिला उपाध्यक्ष टेनपाल सिंह ने कहा कि उबारपुर बिजलीघर से दर्जनों गांवों को आपूर्ति दी जाती है। जंगल के क्षेत्र को रात 12 बजे से सुबह 10 बजे तक आपूर्ति दिए जाने का शेड्यूल बना दिया गया है। इतनी रात में कोई किसान कैसे खेत पर जाए, बरसात का मौसम है, ऐसे में जहरीले कीटों का भी खतरा बना रहता है। उन्होंने बताया कि इस समस्या के समाधान को लेकर जेई को फोन किया तो उसने शेड्यूल बदलने से इनकार कर दिया। इतना ही नहीं अभद्रता तक कर दी। यही हाल संविदा कर्मियों का है। इसके विरोध में बड़ी संख्या में किसान सोमवार को उबारपुर बिजलीघर पहुंचे। यहां अधिकारियों के संतोषजनक जवाब नहीं देने के विरोध में किसानों ने बिजलीघर पर ताला जड़ दिया और जेई को बंधक बनाकर हंगामा शुरू कर दिया। मामला अधीक्षण अभियंता यूके सिंह तक पहुंचा तो उन्होंने एसडीओ को मौके पर भेजा। किसानों की समस्याओं को सुनने के बाद एसडीओ ने आठ दिन में समस्या के निस्तारण का आश्वासन दिया, जिसके बाद किसान शांत हुए। करीब डेढ़ घंटे तक बिजलीघर पर किसानों का कब्जा रहा।
हंगामा करने वालों में विरेंद्र सिंह, रामपाल सिंह, अमित कुमार, भगतराम, हरवीर सिंह, मनवीर सिंह, सुमित गुर्जर, बंटी मुखिया, नरेंद्र सिंह, सुरेंद्र, रामकेश तोमर, मनजीत डागर, नेपाल सिंह, जगवीर सिंह, तेजपाल सिंह, नरेश पाल, अनिल कुमार, जुगेंद्र सिंह, उदयवीर सिंह, कन्हैया, पिंटू, प्रमोद शर्मा आदि मौजूद रहे।