गढ़ क्षेत्र के पावटी गांव में दिखा तेंदुआ, दहशत में ग्रामीण
गढ़मुक्तेश्वर। तहसील क्षेत्र के गांव पावटी में कई दिनों से तेंदुआ घूम रहा है, जो एक किसान के पालतू कुत्ते को अपना निवाला बना चुका है। वन विभाग को सूचना देने के बाद भी टीम के मौके पर नहीं पहुंचने से ग्रामीणों में रोष व्याप्त है। किसानों को खेतों पर काम करने से भी डर सता रहा है। पशुओं के लिए चारा लेने भी किसान अकेले खेतों पर जाने से डर रहे हैं।
गढ़ में मेरठ रोड की तरफ से लिंक मार्ग पर स्थित गांव मुरादपुर पावटी के ग्रामीण कालू, गुरदीप, राहुल, ने बताया कि करीब तीन दिन से गांव में तेंदुआ घूम रहा है। कई बार ग्रामीणों ने खेतों पर कामकाज करने के दौरान भी तेंदुए को घूमता देखा है। गांव का ही एक युवक रात को कार से गांव में लौट रहा था, इसी दौरान उन्होंने जंगल वाले रास्ते पर एक तेंदुए को देखा, जिसने शिकार करते हुए तेंदुए को वीडियो में कैद कर लिया। युवक ने ग्रामीणों की इसकी जानकारी दी। ग्रामीणों ने सूचना देने के बाद भी वन विभाग टीम के गांव में न जाने पर भी कार्यप्रणाली पर रोष जताया है।
किसान के पालतू कुत्ते को बना चुका है निवाला
किसान केपी सिंह ने बताया कि वह गांव में ही अपने खेत पर काम करने के लिए पालतू कुत्ते के साथ लाया था। जहां पर तेंदुए ने कुत्ते को निवाला बना लिया, जिसको देख किसान वहां से भागकर घर लौट आया।
क्या कहते हैं ग्रामीण
खेत पर जाने से डर रहे ग्रामीण
गांव में खेतों पर कामकाज करने के दौरान किसानों ने तेंदुए को कई बार घूमते हुए देख लिया, तभी से ग्रामीण खेतों और जंगल जाने में डर रहे हैं। गांव में जिन लोगों के घर खुले हैं, उनकी रात की नींद भी उड़ी है। - पूर्व प्रधान लटूर सिंह
तेंदुए को पकड़ने के लिए चाहिए पिंजरा
गांव के जंगल में वन विभाग को तेंदुए को पकड़ने के लिए एक पिंजरा लगाना चाहिए। खेतों पर पशुओं के लिए चारा लेने जाने में भी भय लग रहा है। तेंदुआ पकड़ने के बाद ही ग्रामीणों को राहत मिलेगी।- रणजीत सिंह
सड़क पर घूमता दिखा तेंदुआ
गांव के जंगल वाले रास्ते पर रात के अंधेरे में तेंदुआ घूमता दिखाई दिया, जिसको गांव के युवक ने अपने कैमरे में कैद कर लिया। युवक ने यह वीडियो सभी ग्रामीणों को दिखाई। इससे ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। हर समय तेंदुए के हमले की आशंका सता रही है।- बब्लू पंडित
अधिकारी वर्जन
गांव में टीम को भेजकर तलाश कराई गई है, अभी तक कोई भी जंगली जानवर नहीं मिल पाया है। लेकिन ग्रामीणों की सूचना के आधार पर जंगली जानवर की धरपकड़ के लिए पिंजरा लगवाया जा रहा है। - वन क्षेत्राधिकारी, मोहन सिंह बिष्ट संवाद