हापुड़। रेवती कुंज स्थित राज्य कर विभाग (जीएसटी) के कार्यालय पर मंगलवार को जीएसटी के अधिकारियों, व्यापारियों और उद्यमियों की बैठक हुई। इसमें अधिकारियों ने जीएसटी माफी योजना के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी।
जीएसटी उपायुक्त लालचंद्र ने कहा कि भारत सरकार व उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा जीएसटी अधिनियम की धारा 73 के तहत वर्ष 2017 से 2020 तक जीएसटी व्यापारियों पर बकाया टैक्स ब्याज और पेनल्टी माफ योजना को लागू किया गया है। योजना का लाभ पाने के लिए व्यापारियों को एसपीएल फार्म भरकर 31 मार्च 2025 तक मूल कर राशि जमा करनी होगी।
बैठक के दौरान उद्यमियों और व्यापारियों ने जीएसटी अधिकारियों द्वारा जांच के नाम पर किए जा रहे उत्पीड़न के मुद्दों को रखा और साथ ही जीएसटी संबंधित समस्याओं को भी उठाया। जिसका अधिकारियों ने समाधान करने का आश्वासन दिया।
इस मौके पर जीएसटी सहायक आयुक्त जयप्रकाश, जोहा अब्बास, अवधेश प्रताप सिंह, सीटीओ अरविंद शर्मा, योगेंद्र सोलंकी, रविंद्र सिंह, व्यापारी ललित अग्रवाल, अमन गुप्ता, अशोक बबली, संजय अग्रवाल, शांतनु सिंघल, राजेंद्र गुप्ता, पवन शर्मा, संजय डाबर, विजेंद्र गर्ग, सौरभ गोयल, अमित मित्तल आदि मौजूद रहे।