मानसून नजदीक है, पर नगर पालिका ने जलभराव की समस्या से निपटने की दिशा में अभी तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की है। नालों की सफाई के नाम पर खानापूर्ति भर हो रही है। वहीं, शहर की कई पुलिया नीची है, जिसकी वजह से जलभराव होता है। उधर, लोगों का कहना है कि यही हाल रहा तो बरसात में भयावह स्थिति की सामना करना पड़ेगा।
शहर की जलनिकासी की सुचारु व्यवस्था न होने से शहर में हल्की सी बारिश से ही जलभराव हो जाता है। लाखों शहरवासी इस समस्या से हर बरसात में परेशान होते हैं। पालिका अफसर समस्या का समाधान कराने को गंभीर नहीं हैं। मानसून जल्द आने वाला है।
पालिका अफसरों ने जलभराव से निपटने को कोई प्लानिंग नहीं की है। केवल नालों की सफाई का कराई जा रहा है। जब शहर में जल निकासी ही सही नहीं होगी तो जलभराव से निजात कैसे मिल सकेगी।
शहर का पानी दिल्ली रोड पर तिरुपति गार्डन के पास से छोइया के नाले से होकर बाहर जाता है। शिवगढ़ी के पास पुलिया नीची है जहां से जलनिकासी ठीक से नहीं हो पाती है।
पिछले वर्ष बरसात में पालिका अफसरों ने दावा किया था कि इस पुलिया को बरसात बाद ऊंचा करा दिया जाएगा लेकिन अब तक पालिका अफसरों ने इस पुलिया को ऊंचा नहीं कराया है। इतना ही नहीं शिवपुरी, पंजाबी कालोनी आदि मोहल्लों के बाहर नाले की पुलिया नीची होने के कारण जलनिकासी नहीं हो पाती है।
उधर, पालिका के ईओ संजय मिश्रा का कहना है कि नालों की सफाई चल रही है। पुलिया ऊंची कराने के लिए आवश्यक कार्यवाही कराई जा रही है जल्द पुलिया ऊंची होगी। वहीं, डीएम अनिल ढींगरा का कहना है कि पालिका अफसरों को निर्देशित किया गया है कि जलभराव न हो इसके लिए पहले से ही तैयारी कर ली जाए।