डीएम अनिल ढींगरा और सीडीओ कुणाल सिल्कू सोमवार को कलक्ट्रेट सभागार में इंजीनियरों व शिक्षकों को चुनावी प्रक्रिया का प्रशिक्षण दिया। जिलाधिकारी ने कहा कि मतदान के दौरान निष्पक्षता, कर्तव्य निष्ठा व पारदर्शिता अफसरों के हथियार हैं।
उन्होंने इंजीनियरों से कहा कि ईवीएम मशीन के प्रशिक्षण में सक्रिय रूप से भाग लें और मशीन ऑपरेट करने में दक्षता प्राप्त कर लें। प्रथम प्रशिक्षण के दौरान डाक बैलेट पेपर (पीबी) निर्वाचन कर्तव्य प्रमाण पत्र ईडीसी के लिए नियुक्ति पत्र के साथ संलग्न फार्म पर आवेदन करें।
उन्होंने बताया कि मतदान के समय निर्वाचन आयोग को समय-समय पर सूचनाएं एसएमएस के माध्यम से भेजी जाएगी। अगर किसी स्थान पर नेता की कोई तस्वीर लगी है तो उसे हटवाएं या ढंक दें।
उन्होंने मास्टर ट्रेनर्स को बताया कि निर्धारित वाहन से ही गन्तव्य स्थान पर पहुंचे। किसी भी अनिधिकृत व्यक्ति को मतदान केंद्र में प्रवेश न करने दें तथा किसी का आतिथ्य स्वीकार न करें। जिस मतदान केंद्र पर ट्रेनर्स की ड्यूटी होगी वहां पर वह मतदान नहीं कर सकेंगे।
मतदान केंद्र के अन्दर हथियारों का प्रवेश वर्जित होगा। मतदान से दो घंटे पहले मॉक कॉल अवश्य करें। आयोग का निर्देश है कि यदि किसी भी मतदान केंद्र पर मतदान आरंभ नहीं होता है तो मतदान स्थगित माना जाएगा। अगर किसी वोटिंग मशीन में तकनीकी कमी आ गई है
या मतदान केंद्र पर कब्जा किया गया हो या वोटों के साथ छेड़खानी की गई तो चुनाव अमान्य घोषित किया जाएगा। प्रशिक्षण में उपनिदेशक कृषि और भूमि संरक्षण अधिकारी का सहयोग रहा।
जिलाधिकारी ने कहा कि मतदान के दौरान दिव्यांग और महिला मतदाता को प्राथमिकता दें। महिला मतदाताओं की संख्या अधिक होने पर उनके साथ नम्रता से पेश आएं। उन्होंने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार मतदान केंद्र
में मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय दलों, राज्यीय दलों, अन्य राज्यों के मान्यता प्राप्त दलों, गैर मान्यता प्राप्त पंजीकृत दलों व निर्दलीय मान्यता प्राप्त द्वारा नियुक्त बीएलए आदि क्रम में होने चाहिए।
इस दौरान कलक्ट्रेट से मतदाताओं को जागरूक करने के लिए मतदाता जागरूकता पोस्टर लगे ई-रिक्शा व ऑटो को जिलाधिकारी, अपर जिलाधिकारी रजनीश राय व उप संभागीय परिवहन अधिकारी प्रणव झा ने झंडी दिखाकर रवाना किया।