हापुड़। धनावली अट्टा स्थित प्राथमिक विद्यालय के पूर्व प्रधानाध्यापक को कंपोजिट ग्रांट के व्यय में अनियमितता बरतने पर निलंबित कर दिया गया है। शिक्षक को अलग से आरोप पत्र भी निर्गत किया है।
निलंबन आदेश के अनुसार धनावली अट्टा स्थित प्राथमिक विद्यालय के तत्कालीन प्रधानाध्यापक आनंद सैनी जोकि समायोजन प्रक्रिया के तहत अब यहां से स्थानांतरित हो चुके हैं। उन पर कंपोजिट ग्रांट के व्यय में अनियमितता का आरोप लगा था। इस प्रकरण की जांच में सामने आया है कि वर्ष 2018-19 से वर्ष 2024-25 तक विद्यालय में प्राप्त कंपोजिट ग्रांट का व्यय नियमानुसार नहीं किया गया है, जोकि वित्तीय अनियमितता की श्रेणी में आता है।
जांच के दौरान कंपोजिट विद्यालय धनावली अट्टा की इंचार्ज प्रधानाध्यापक मानवी मिश्रा ने अधिकारियों को अवगत कराया कि आनंद कुमार सैनी द्वारा कार्यभार देते समय अध्यापक उपस्थिति पंजिका, शिक्षामित्र उपस्थित पंजिका, एसएमसी प्रस्ताव पंजिका, पत्र व्यवहार पंजिका प्राप्त नहीं कराई गई। जांच समिति ने अपनी आख्या में यह भी बताया कि विद्यालय की एमडीएम पंजिका पूर्ण नहीं है। इसके अलावा वित्त एवं लेखाधिकारी ने भी उक्त शिक्षक पर अभद्रता का आरोप लगाया। इन प्रकरणों को ध्यान में रखते हुए तत्कालीन प्रधानाध्यापक आनंद कुमार सैनी जोकि इन दिनों उच्च प्राथमिक विद्यालय पूठा हुसैनपुर में सहायक अध्यापक हैं, उन्हें निलंबित कर दिया गया है। बीईओ को प्रकरण की आगे जांच सौंपी है।
बीएसए रितु तोमर ने बताया कि जांच में शिक्षक आनंद सैनी पर आरोप तय हुए हैं, इस पर उन्हें निलंबित कर दिया गया है। कंपोजिट ग्रांट का व्यय सही मदों में होना अनिवार्य है।