जिले में ई-रिक्शा के संचालन के लिए पांच रूट तय किए गए हैं। हाईवे पर इनका संचालन नहीं होगा। यहीं नहीं अलग-अलग रूट के लिए रिक्शों का कलर निर्धारित किया गया है।
कलक्ट्रेट में एडीएम की अध्यक्षता में बैठक कर यह निर्णय लिया गया। कलक्ट्रेट में आयोजित बैठक में एआरटीओ (प्रवर्तन) प्रणव झा ने बताया कि हाईवे पर ई-रिक्शा का संचालन प्रतिबंधित रहेगा।
सपा के नगर अध्यक्ष हसीन चौधरी ने कहा कि ऐसे रूट बनाए जाएं। इससे ई रिक्शा चालकों और जिलेवासियों को दिक्कत न हो। एआरटीओ ने बताया कि प्रत्येक रूट पर ई-रिक्शा का अलग-अलग रंग होगा।
इससे लाभ यह मिलेगा कि दूसरे रूट पर ई-रिक्शा के पहुंचते ही पता चल जाएगा। उन्होंने कहा कि दो कंपनियों की ई-रिक्शा मानक के अनुरूप पाई गई है, उन्हीं का संचालन होगा।
प्रत्येक रूट पर ई-रिक्शा की संख्या तय की जाएगी। पिलखुवा नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी हेमराज ने कहा कि पिलखुवा से धौलाना खेड़ा मार्ग के पास से जाने में दिक्कत होती है, इसलिए ई-रिक्शा का संचालन कराया जाए।
यातायात प्रभारी योगेंद्र मलिक ने कहा कि तहसील चौपला और मेरठ तिराहा पर ई-रिक्शा के आने से यातायात दबाव काफी बढ़ जाता है। ऐसे में जाम लगता है।
मेरठ रोड पर दिल्ली फाटक के ऊपर बने ओवरब्रिज की नीचे इसका स्टैंड बनवाया जाए, ताकि मेरठ रोड पर जाम न लगे। बैठक में प्राधिकरण, नगर पालिका, ई रिक्शा संचालन, परिवहन विभाग के अफसर मौजूद थे। यात्रियों को दिक्कत न हो इसके लिए यात्री शेड प्राधिकरण द्वारा बनाया जाएगा।
ई-रिक्शा का संचालन निर्धारित रूट पर ही कराया जाए और ऐसी व्यवस्था बनाई जाए, ताकि लोगों को दिक्कत न हो। ई-रिक्शा के कारण शहर में जाम की स्थिति न बने, इसका पूरा ध्यान रखा जा रहा है।-हरीशचंद्र, अपरजिलाधिकारी