ट्रेनों को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद हापुड़ में रेलगाड़ियों को रोककर चेक किया गया। जीआरपी ने काशी विश्वनाथ, अवध असम और ऊना हिमाचल एक्सप्रेस को रोककर खंगाला।
ट्रेन के स्टेशन पर पहुंचते ही जीआरपी, आरपीएफ और सिविल पुलिस ने उसे घेर लिया। यात्रियों को कोच से उतारकर जीआरपी और बम स्क्वाएड ने ट्रेन के एक-एक कोच को खंगाला। जांच के बाद भी बम नहीं मिला तो यात्रियों और रेलवे अधिकारियों ने राहत की सांस ली। इसके बाद ट्रेनों को रवाना किया गया।
रविवार को मुंबई एटीएस को मिले ई-मेल के जरिए दिल्ली-कानपुर रूट की ट्रेनों में बम धमाके की धमकी दी गई है। ई-मेल मिलते ही दिल्ली में आरपीएफ-जीआरपी को अलर्ट कर ट्रेनों की चेकिंग के निर्देश दिए गए। वहीं पंजाब के पठानकोट एयर बेस में हुई आतंकी घटना के मद्देनजर सतर्कता बरती गई।
रविवार को रेलवे स्टेशन पर जीआरपी के चौकी प्रभारी सोमवीर सिंह के नेतृत्व में जवानों ने प्लेटफार्म, संदिग्ध लोगों की और सामान की जांच की। आलम यह था कि अचानक हुई चेकिंग को देख यात्री यह नहीं समझ पा रहे थे कि आखिर क्या हुआ है। जीआरपी ने ऊना से बरेली जाने वाली ऊना हिमाचल, लालगढ़ से गोवाहटी जाने वाली अवध आसाम एक्सप्रेस,
नई दिल्ली से बनारस जाने वाली काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस समेत अनेक ट्रेनों में संदिग्ध लोगों और सामान की जांच की। जीआरपी चौकी प्रभारी सोमवीर सिंह का कहना है कि चेकिंग अभियान जारी रहेगा।