मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मोहम्मद रफी ने बुधवार को न्यायालय में सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान मौके पर कोई भी पुलिस व पीएसी का जवान नजर नहीं आया।
सुरक्षा संबंधित मामले को गंभीरता से लेते हुए सीजेएम ने सीओ सिटी और प्रतिसार निरीक्षक को गुरुवार को तलब करते हुए स्पष्टीकरण देने का आदेश दिया है।
मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मोहम्मद रफी बुधवार को सुबह करीब 9:50 बजे न्यायालय परिसर में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने निकले तो कचहरी की सुरक्षा व्यवस्था में तैनात पुलिसकर्मी व पीएसी के जवान अनुपस्थित मिले।
इस पर उन्होंने सीओ सिटी और प्रतिसार निरीक्षक को गुरुवार को उपस्थित होकर स्पष्टीकरण देने के आदेश दिए हैं। आदेश में कहा गया है कि कचहरी की सुरक्षा व्यवस्था में तैनात रहने वाले पुलिस कर्मचारियों की कब से कब तक की नियुक्ति की गई है और यह चूक क्यों की जा रही है।
सीजेएम की इस कार्रवाई से पुलिस अफसरों में हड़कंप मचा है। गौरतलब है कि सुरक्षा में चूक रहने के कारण दो वर्ष पहले कचहरी में पेशी पर आए एक बदमाश की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
यही नहीं कई बार यहां पेशी पर आने वाले बंदियों में भी मारपीट की घटनाएं हो चुकी है। इसके बाद से यहां पुलिस और पीएसी के जवानों की ड्यूटी रहती है।