हापुड़। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी को दलित विरोधी मानसिकता से ग्रसित बताया है। मंगलवार को आनंद विहार स्थित मैदान में आयोजित भाजपा के अनुसूचित जाति सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि कुछ लोगों ने मान्यवर कांशीराम और बाबा साहेब का नाम लेते हुए कालनेमि की तरह सिर्फ छलावा किया है। 2016 में सपा ने अनुसूचित जाति के सभी छात्रों की छात्रवृत्ति रोक दी थी। सहारनपुर के मेडिकल कॉलेज का नाम बदलने का पाप भी इसी समाजवादी पार्टी ने किया था। लखनऊ में भाषा विश्वविद्यालय का नाम बदलने का काम भी इसी पार्टी ने किया था।
शारदीय नवरात्र की बधाई के साथ संबोधन की शुरुआत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि कहा कि कौन सा ऐसा कालखंड था, जब आज के हमारे अनुसूचित जाति में कहे जाने वाले संतों, महापुरुषों ने समाज का मार्गदर्शन न किया हो। जब भगवान श्रीराम का साक्षात्कार कराना था तब महर्षि वाल्मीकि ने रामायण जैसा ग्रंथ रचकर हमको दिया। मन चंगा तो कठौती में गंगा का उद्घोष करने वाले संत रविदास ने भी भक्ति का ऐसा संदेश दिया जो आज भी हमारे लिए प्रेरणा है। देश की आजादी के बाद एक संविधान निर्माण की जरूरत थी। वैसा संविधान बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर ने दिया। इस संविधान ने 142 करोड़ लोगों को एकता के सूत्र में बांधकर रखा हुआ है। बाबा साहेब को सही मायने में किसी ने सम्मान दिया है तो वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिया है। उनकी जन्मभूमि से लेकर उनके रहने वाले स्थल तक को स्मारक बनवाया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन कार्यक्रमों के आयोजन में बाधा होती होती थी अब उन्हें धूमधाम से मनाया जाता है। रविदास जयंती और वाल्मीकि जयंती के कार्यक्रम मनाने में अब किसी प्रकार का विघ्न नहीं होता। कांवड़ यात्रा से लेकर सभी धार्मिक आयोजनों को शांतिपूर्ण ढंग से मनाया जा रहा है।
जहां रह रहे अनुसूचित जाति के लोग वह जमीन उनकी
उन्होंने कहा कि अनुसूचित जाति जनजाति के लोग जहां रह रहे हैं, वह जमीन उनकी होगी। योगी ने कहा कि हमारी सरकार इस बात के लिए प्रतिबद्ध है अगर वह जमीन आर्थिक श्रेणी से जुड़ी नहीं है तो उस जमीन पर रहने वाले अनुसूचित जाति जनजाति का हक होगा। उस जमीन का पट्टा उपलब्ध कराने का काम डबल इंजन की सरकार करेगी।
अपने एजेंडे पर कार्य कर रही सरकार
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह ने कहा कि 2017 में हमारी सरकार बनने के बाद से वह अपने उन्हीं एजेंडे पर काम कर रही है, जिन्हें लेकर जनता ने उसे चुना था। पिछली सरकारें वोटबैंक के आधार पर विभिन्न वर्गोंं से भेदभाव करती थीं। हमारी सरकार सबका साथ सबका विकास के एजेंडे पर ही काम कर रही है।
अनुसूचित जाति को दिया बोलने का मौका
मुख्यमंत्री के आगमन के बाद मंच पर मौजूद अधिकतर पदाधिकारी अपना संबोधन समाप्त कर चुके थे। कार्यक्रम अनुसूचित जाति का होने के कारण दलित पदाधिकारियों को मुख्यमंत्री के समक्ष बोलने की अनुमति दी गई। कैबिनेट मंत्री कौशल किशोर, मंत्री गुलाबो देवी, कांता कर्दम समेत कई दलित नेताओं ने अपना संबोधन दिया।
ये लोग रहे मंच पर मौजूद
प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह, क्षेत्रीय अध्यक्ष सतेंद्र सिसौदिया, प्रदेश महामंत्री सुभाष यदुवंशी, केद्रीय मंत्री जनरल वीके सिंह, प्रदेश उपाध्यक्ष ब्रजबहादुर, प्रभारी मंत्री कपिल देव अग्रवाल, मंत्री गुलाबो देवी, सांसद भोला सिंह, राज्यमंत्री असीम अरुण, सांसद राजेंद्र अग्रवाल, प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यपाल सैनी, कार्यक्रम संयोजक व क्षेत्रीय महामंत्री हरिओम शर्मा, जिला प्रभारी मयंक गोयल, जिलाध्यक्ष नरेश तोमर, प्रदेश अध्यक्ष अनुसूचित मोर्चा रामचंद कनौजिया, क्षेत्रीय उपाध्यक्ष मानसिंह गोस्वामी, पूर्व सांसद जुगल किशोर, जिला पंचायत अध्यक्ष रेखा नागर, विधायक नहटौर ओम कुमार, विधायक धनौरा राजीव तरारा, विधायक रामपुर देवेंद्र निम, क्षेत्रीय मंत्री कविता मादरे, अनूप बाल्मीकि, कार्यक्रम संयोजक प्रफुल्ल सारस्वत।
102 परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने करीब 136 करोड़ की लागत वाली 102 परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। उन्होंने भाषण से पूर्व मंच से बटन दबाकर शिलापटों से पर्दा हटाया।
लाभार्थियों को मंच से बांटा चेक और प्रमाण पत्र
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाज कल्याण विभाग की ओर से संचालित अनुसूचित जाति दशमोत्तर छात्रवृत्ति शुल्क प्रतिपूर्ति योजना की लाभार्थी मनीषा रानी और शिवम कुमार सागर को 57750 रुपये का प्रमाण पत्र, कृषि विभाग द्वारा संचालित प्रमोशन आन एग्रीकल्चर मैकेनइजेशन फार इन सीटू के लाभार्थी फरहीम को ट्रैक्टर चाबी, पीएम कुसुम योजना सोलर पंप के लाभार्थी आनंद कुमार को प्रमाण पत्र, नगरीय विकास अभिकरण की प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी के लाभार्थी मंजू सैनी और जितेंद्र को मकान की चाबी, सूक्ष्म लघु एवं मध्यम उद्यम की योजना ओडीओपी के लाभार्थी अजीत सिंह को डमी चेक 10 लाख रुपये, मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के लाभार्थी पवन कुमार को डमी चेक 10 लाख रुपये, ग्राम्य विकास की बाबा साहेब रोजगार प्रोत्साहन योजना के लाभार्थी विपिन को प्रमाण पत्र आटा चक्की के लिए दो लाख रुपये ऋण और 70 हजार अनुदान, चेतन प्रकाश को प्रमाण पत्र बैग निर्माण रोजगार के लिए तीन लाख रुपये ऋण और 70 हजार धनराशि, समाज कल्याण विभाग की अनुसूचित जाति दशमोत्तर छात्रवृत्ति शुल्क प्रतिपूर्ति योजना की लाभार्थी सोनू और नेहा रानी को 57750 रुपये का प्रमाण पत्र सौंपा।