बंदरों को मारने वालों को हिमाचल सरकार अब इनाम देगी।
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शहर में आतंक का पर्याय बन चुके बंदर अब ग्रामीण क्षेत्रों में भी लोगों को परेशान कर रहे हैं। ये ग्रामीणों को काटकर घायल कर रहे हैं और खेतों में फसलों को बड़ा नुकसान पहुंचा रहे हैं। ग्रामीण काम के बाद खेतों की रखवाली करने को मजबूर हैं।
शहर में बंदरों का आतंक चरम पर है। बढ़ती संख्या के चलते अब देहात क्षेत्रों में बंदरों की घुसपैठ तेजी से बढ़ रही है। समस्या यह है ग्रामीण क्षेत्रों में घर खुले होने के कारण बंदरों ने लोगों की नाक में दम कर रखा है। ये घरों में अंदर तक घुस आते हैं और खाने का सामान, कपड़े आदि उठाकर ले जाते हैं। इसके अलावा बंदर फसलों में भी जबरदस्त नुकसान पहुंचा रहे हैं।
श्यामपुर निवासी किसान नरेंद्र सहवाग का कहना है कि गांव में बड़ी संख्या में बंदर पहुंचे हैं। ये लोगों को आए दिन काट रहे हैं। सबसे बड़ी समस्या फसल की बर्बादी है। बंदर गन्ना, गोभी, टमाटर, गेहूं, मटर जैसी सभी फसलों को नष्ट कर रहे हैं।
बाबूगढ़ गांव निवासी एसपी सिंह का कहना है कि देहात क्षेत्रों में बंदरों की समस्या काफी ज्यादा होती जा रही है। इस समस्या को लेकर प्रशासन को कुछ ठोस कदम उठाने चाहिए।