हवा का रुख नहीं भांप सका मुस्लिम वोटर
कुलदीप भारद्वाज
गढ़मुक्तेश्वर। जीत-हार की जुस्तजू में जुटे मुस्लिम वोट बैंक में बिखराव दिखा। क्योंकि भाजपा प्रत्याशी को रोकने की कवायद करने वाले वोटर हवा का रुख भांपने में पूरी तरह विफल-सा रहे।
मुस्लिम मतों के बिखराव को रोकने के लिए सभी पार्टियों के नेता चुनाव प्रचार के दौरान पूरा जोर लगाते घूम रहे थे, लेकिन मतदान के दौरान बुधवार को गढ़ क्षेत्र में सारे जतन फ्लाप होते दिखे। सपा, बसपा और कांग्रेस से जुड़े कार्यकर्ता चुनाव प्रचार के बाद मतदान वाले दिन भी भाजपा से अपने प्रत्याशी की टक्कर होने का दम भरते रहे, जिसके चलते आम वोटर हवा का रुख नहीं भांप सका और वोटों में बड़े स्तर पर बिखराव हो गया। भाजपा को हराने की जुस्तजू में जुटे मुस्लिम वोटर मतदान करने से पहले यह पूछताछ करते दिखाई दिए कि सपा, बसपा और कांग्रेस में कौन मुख्य मुकाबले में है। लेकिन वोटिंग की बारी आई तो वोटर एकजुट होने की बजाए अपने पसंदीदा प्रत्याशियों के पक्ष में ही मतदान करते रहे।
पूर्व पालिका सदस्य नजमा, इंतजार खां, निजाम चौधरी का कहना है कि अगर भाजपा को हराने की जुस्तजू करने की बजाए किसी एक प्रत्याशी को जिताने की कवायद होती, तो कहीं बेहतर रहता। क्योंकि मतदान संपन्न हो चुका है, लेकिन अभी तक यह पता भी नहीं लग पा रहा है कि आखिर भाजपा के साथ किस पार्टी का प्रत्याशी मुख्य मुकाबले में खड़ा हुआ है।
---------