सराहनीय पहल, नशे में डूबे बच्चों को पुलिस ने लिया गोद
- एसपी ने रेलवे स्टेशन के बाहर नशा कर रहे पांच नाबालिगों को कोतवाली पुलिस के सुपुर्द किया
- बच्चों को स्कूल में एडमिशन देेने के साथ कपड़े-खाना मुहैया कराने के दिए निर्देश
अमर उजाला ब्यूरो
हापुड़। नशे की गर्त में फंसे बचपन को बचाने की एसपी ने सराहनीय पहल की है। एसपी हेमंत कुटियाल ने शुक्रवार को रेलवे स्टेशन के बाहर अभियान चलाया। इस दौरान पांच बच्चों को नशे की हालत में पकड़ा गया, जिन्हें कोतवाली पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया। अब पुलिस इन बच्चों को गोद लेकर इनकी पढ़ाई का पूरा खर्च उठाएगी।
शहर में रेलवे स्टेशन व अन्य सार्वजनिक स्थानों पर आपको नाबालिग बच्चे नशे का सेवन करते नजर आ जाएंगे। इनमें से अधिकतर बेसहारा हैं या बेहद गरीब परिवार से हैं। ऐसे में बच्चों को सही राह पर लाने के लिए पुलिस अधीक्षक ने एक अनूठी पहल शुरू की है। शुक्रवार को एसपी हेमंत कुटियाल रेलवे स्टेशन के बाहर पहुंचे। उन्होंने यहां पांच नाबालिग बच्चों से बातचीत की। बच्चे नशे की हालत में थे। उन्होंने बच्चों से बात करते हुए उन्हेें कोतवाली पहुंचाया। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऐसे बच्चों को पुलिस द्वारा गोद लेकर उनका स्कूल में प्रवेश दिलाया जाए।
पुलिस अधीक्षक हेमंत कुटियाल ने बताया कि जिले की पुलिस द्वारा यह पहल शुरू की गई है। अब विभिन्न क्षेत्रों में पुलिस द्वारा अभियान चलाया जाएगा। जो भी बच्चा नशे की हालत में मिलेगा, पुलिस द्वारा उसे गोद लेने के साथ-साथ उसकी शिक्षा कराने की भी जिम्मेदारी ली जाएगी। इसके लिए वह जिलाधिकारी से वार्ता करेंगे और उसके बाद स्कूल संचालकों के साथ भी वार्ता की जाएगी। कोतवाली पुलिस के सुपुर्द किए गए बच्चों को कोतवाली प्रभारी पंकज लवानिया ने नए कपड़े पहनाए। नए कपड़ों में बच्चे काफी खुश दिखाई दिए।