एसएसवी कालेज के प्राचार्या कक्ष में भिड़े दो शिक्षक
हापुड़। दिल्ली रोड स्थित एसएसवी पीजी कॉलेज के प्राचार्या कक्ष में शनिवार को वाणिज्य विभाग के एचओडी और एक प्रोफेसर के बीच जमकर मारपीट हुई। मारपीट में एक प्रोफेसर को चेहरे व हाथ में चोट आई हैं। शिक्षा के मंदिर में हुई इस शर्मसार घटना से अफरा तफरी का माहौल बन गया। पीड़ित ने इस मामले में पुलिस में तहरीर दी है।
जानकारी के अनुसार बी.कॉम के करीब 60 छात्र प्रयोगात्मक परीक्षाएं देने से वंचित रह गए थे। इन छात्रों को राहत दिलाने के लिए प्राचार्या कक्ष में प्रबंध समिति के पदाधिकारी और विभागीय प्रवक्ताओं की बैठक हो रही थी।
बैठक के दौरान वाणिज्य विभाग के एचओडी डा. मधुसूदन त्रिपाठी व इसी विभाग के स्थायी प्रोफेसर डा. ए.के मित्तल के बीच कहासुनी हो गई। मामला इतना बढ़ा कि बैठक समाप्त होते ही दोनों के बीच मारपीट होने लगी। मारपीट में प्रोफेसर डा. ए.के मित्तल को चेहरे व हाथ में चोट आयी हैं। वहीं इस घटना के बाद एचओडी कॉलेज से चले गए। प्राचार्या कक्ष में दो शिक्षकों के बीच हुई मारपीट की खबर पूरे कॉलेज में फैल गई, इससे वहां अफरा तफरी का माहौल बन गया। वहीं पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी। कोतवाली प्रभारी महावीर सिंह का कहना है कि प्रोफेसर ने तहरीर दी है, फिलहाल मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
वाणिज्य विभाग के एचओडी डा. मधुसूदन त्रिपाठी का कहना है कि उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई थी। उन्होंने मारपीट नहीं की, बल्कि मारपीट से बचाव का प्रयास किया था।
प्रोफेसर डा.ए.के मित्तल का कहना है कि वह सिर्फ बैठक में यह सुझाव रख रहे थे कि बी.कॉम के वंचित छात्रों की प्रयोगात्मक परीक्षा हो जाए, इसी के विरोध में उनके साथ मारपीट की गई है।
प्राचार्या डा.शशि वशिष्ठ का कहना है कि उनके कार्यालय में दो प्रवक्ताओं के बीच झगड़ा होना, बेहद शर्मनाक है। कॉलेज में इस तरह का माहौल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।