मां समेत नवजात बच्चे की हत्या कर गंगा किनारे फेंके शव
दोनों ही शवों की सफेद लोई में बांधी हुई थी गठरी
शव पोस्टमार्टम को भेजकर पुलिस जांच में जुटी
अमर उजाला ब्यूरो
गढ़मुक्तेश्वर। मां समेत नवजात बेटे की हत्या कर दोनों ही शवों को लोई में गठरी बनाकर गंगा किनारे फेंके जाने से सनसनी फैल गई है। शव पोस्टमार्टम को भेजकर पुलिस जांच में जुट गई है।
ब्रजघाट तीर्थनगरी के श्मशान घाट के पास शनिवार सुबह कुछ लोगों की नजर सफेद रंग की लोई की गठरी पर पड़ी। लोगों ने चौकी में इसकी सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने चादर में बंधी गठरी खोलकर देखी तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। चादर में एक महिला और नवजात बच्चे का शव बंधा हुआ था। इसमें महिला लाल रंग की मैक्सी और पैरों में तीन बिछुवे पहने थी, जबकि नवजात का शव कंबल में लिपटा था। महिला समेत उसके नवजात बच्चे का शव गंगा किनारे गठरी में बंधा मिलने से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। डीएसपी संतोष मिश्रा, इंस्पेक्टर दीपक त्यागी और चौकी इंचार्ज केपी सिंह मौके पर पहुंचे जिन्होंने बारीकी से जांच पड़ताल करने के बाद दोनों शवों को सील कराकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया।
डीएसपी संतोष मिश्रा का कहना है कि फौरी तौर पर की गई जांच में ऐसा प्रतीत हो रहा है कि डिलीवरी के दौरान महिला समेत उसके नवजात बेटे की मौत हो गई, लेकिन ससुराल वाले दहशत के कारण दोनों शवों को गंगा किनारे फेंक गए हैं। हालांकि अब शवों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही असल हकीकत का खुलासा हो पाएगा।
चार दिन के भीतर हुई दूसरी वारदात
गाजियाबाद के भोपुरा निवासी हेयर कटिंग सैलून संचालक प्रताप सिंह द्वारा अपनी पत्नी पायल 24 साल की आलूवाली धर्मशाला के कमरे में गला घोटकर हत्या करने की घटना के चार दिन बाद महिला और उसके नवजात बेटे का शव मिलने से गंगानगरी में सनसनी फैल गई है, जिससे स्थानीय लोगों समेत धार्मिक अनुष्ठानों के लिए बाहरी प्रांतों से आने वालों में अजीब सी दहशत व्याप्त हो रही है।