ब्रजघाट टोल प्लाजा पर अवैध वसूली पर मारपीट, हंगामा
गढ़मुक्तेश्वर। टोल प्लाजा पर लगे जाम के दौरान रविवार की शाम को निर्धारित दर से अधिक वसूली का विरोध करने पर प्राइवेट लठैतों ने मेरठ के कैंटर चालक बालेश्वर और बागपत के ट्रक चालक अनस के साथ जमकर मारपीट कर दी। पीड़ित चालकों ने हाइवे पर मौजूद पुलिस वालों को अपना दुखड़ा सुनाया, जो उन्हें साथ लेकर टोल प्लाजा पर पहुंच गए, लेकिन तब तक मारपीट करने वाले लठैत वहां से नदारद हो चुके थे। पीड़ित चालकों ने बताया कि पुलिस वालों ने जांच पड़ताल के बाद कार्रवाई करने का भरोसा देकर उन्हें भेज दिया है।
ब्रजघाट टोल प्लाजा की सड़क का चौड़ीकरण होने के बाद भी दिल्ली लखनऊ नेशनल हाइवे पर सफर करने वालों को जाम के झाम से निजात नहीं मिल पा रही है। सुबह और शाम के समय टोल प्लाजा पर जाम लगना आम समस्या बनी हुई है, जिससे सर्वाधिक दिक्कत उन लोगों को सहनी पड़ रही है जो अपने गंभीर मरीजों को दिल्ली, गाजियाबाद, नोएडा, गुरुग्राम, फरीदाबाद, मेरठ के अस्पतालों को लेकर आते जाते हैं। वहीं गंगा पार के जिलों से दूध और हरी सब्जी लेकर दिल्ली जाने वाले सैकड़ों वाहन भी आए दिन जाम में फंस जाते हैं, लेकिन जाम के झाम से बचने को जो चालक अपने वाहनों को ब्रजघाट से वाया पलवाड़ा रोड होकर ले जाने की कोशिश करते हैं उनसे मारपीट करने के साथ ही टोल कंपनी के प्राइवेट लठैत वाहनों को जबरन हाइवे पर मुड़वा देते हैं।
इंस्पेक्टर एचआर यादव का कहना है कि इस संबंध में फिलहाल कोतवाली पर कोई शिकायत नहीं आई है, लेकिन आए दिन लगने वाले जाम और अवैध वसूली की शिकायतों की जांच पड़ताल कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
तीर्थ पुरोहित की रसीद काटे जाने पर स्थानीय लोगों ने किया हंगामा
- स्थानीय लोगों से वसूली होने के विरोध में एक सप्ताह के दौरान भाकियू कार्यकर्ताओं ने दो बार टोल प्लाजा का घेराव कर काफी देर तक वाहनों से वसूली भी नहीं होने दी थी, जिस पर टोल कंपनी के पदाधिकारियों ने स्थानीय लोगों से वसूली न करने का भरोसा दिया था। लेकिन इसके बाद भी टोल कर्मी अपनी हरकत से बाज आने को तैयार नहीं हैं, जिन्होंने ब्रजघाट से गढ़ को लौट रहे तीर्थ पुरोहित सुमित शर्मा निवासी गंगा मंदिर से अभद्रता करते हुए उसकी कार की रसीद काट दी, जिसका पता लगने पर लोकेश, प्रशांत, प्रमोद, दीपक, विकास समेत दर्जनों लोग टोल पर पहुंचकर हंगामा करने लगे। हालांकि टोल कंपनी के पदाधिकारी ने भविष्य में दोबारा इस तरह की घटना न होने का भरोसा देकर उन्हें वापस लौटा दिया।