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पांच करोड़ जमा करने के बाद भी नहीं बिछ सकी एफसीआई की रेलवे लाइन

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27 नवंबर
हेडिंग: पांच करोड़ जमा, नहीं बिछी रेलवे लाइन
सबहेडिंग: एफसीआई की रेलवे लाइन बिछाने का मामला, टेंडर होने के बाद भी काम शुरू नहीं हो सका
क्रासर----
लाइन बिछने पर सीधे एफसीआई परिसर में पहुंचेगी मालगाड़ी
आबिद अली
हापुड़। पांच साल से जर्जर पड़ी एफसीआई की रेलवे लाइन पांच करोड़ रुपये जमा करने के बाद भी नहीं बिछ सकी है। रेलवे द्वारा टेंडर छोड़े जाने और स्लीपर आने के बाद भी कार्य शुरू नहीं हो सका है। इसके चलते रेलवे स्टेशन के माल गोदाम पर खाद्यान्न उतारकर ट्रकों से एफसीआई लाकर विभिन्न जिलों को सप्लाई किया जाता है। इस ट्रैक के बिछने पर मालगाड़ी खाद्यान्न की अनलोडिंग परिसर में होने लगेगी।
एफसीआई का मेरठ रोड पर एरिया आफिस और खाद्यान्न डिपो है। यहां साइलो की स्थापना 1960 में अमेरिका के सहयोग से गेहूं का भंडारण करने के लिए की गई थी। साइलो स्थित गोदाम के लिए छह रेलवे लाइन भी बिछाई गई थी। इनसे सीधी मालगाड़ी एफसीआई परिसर में आती थी और खाद्यान्न साइलो और गोदामों के सामने बने प्लेटफार्मों पर उतरता था।
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लेकिन पिछले पांच साल से रेलवे लाइन जर्जर होने तथा पटरियों के जमीन में बैठने से माल गाड़ियों का एफसीआई में आवागमन बंद है। रेलवे ने एफसीआई से अपने बजट से नई लाइन बिछवाने को कहा था, जिसके बाद एफसीआई ने रेलवे को पांच करोड़ रुपये का भुगतान करीब ढाई साल पहले कर दिया था। इसके बाद भी रेलवे ने लाइन नहीं बिछाई, जिसके चलते रेलवे स्टेशन के माल गोदाम पर खादान्न उतारकर ट्रकों से एफसीआई लाकर विभिन्न जिलों को सप्लाई किया जाता है।
डेढ़ महीने पहले रेलवे बोर्ड चेयरमैन अश्वनी लोहानी के दौरे के दौरान मुरादाबाद मंडल के डीआएम अजय कुमार सिंहल ने बताया था कि एफसीआई की रेलवे लाइन बिछाने के लिए टेंडर छोड़ दिया गया है, जिसे इसी महीने यानी नवंबर के अंत तक पूरा कर लिया जाएगा। लेकिन नवंबर समाप्त होने को है, अभी तक कार्य शुरू नहीं हो सका है।
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उधर, डीआरएम अजय कुमार सिंहल ने बताया कि एफसीआई रेलवे लाइन बिछाने के लिए दो माह पूर्व टेंडर छोड़ा जा चुका है, कार्य नवंबर माह तक पूरा किया जाना था। लेकिन अभी तक कार्य प्रारंभ न होने के संबंध में वह कांट्रेक्टर से वार्ता कर जल्द कार्य शुरू कराएंगे।
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