हमीरपुर। जिले की करीब 12 लाख की आबादी के बीच मात्र दो पैथोलॉजी रजिस्टर्ड हैं। जबकि जिले भर में 30 से अधिक पैथोलाॅजी संचालित हैं। जोकि अवैध रूप से चल रही हैं।
सीएमओ ने इन्हें दो दिन का समय दिया है। यदि पैथोलाॅजी संचालक डाॅक्टर सहित कागजात पूर्ण नहीं किए तो इनका लाइसेंस निरस्त कर एफआईआर दर्ज कराए जाने की चेतावनी दी है।
जिले भर में करीब 30 से अधिक पैथोलाॅजी सेंटर संचालित हैं। इनमें ज्यादातर पैथोलाॅजी मानक विहीन हैं। किसी भी पैथोलाॅजी में एमबीबीएस चिकित्सक की तैनाती नहीं है। जो खुलेआम मरीजों की सेहत के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। वहीं 50 से अधिक क्लीनिक हैं। क्लीनिक भी अवैध संचालित हैं।
बताया जा रहा है कि मात्र दो नर्सिंग होम बृजराज नर्सिंग होम व विमल नर्सिंग होम का ही रजिस्ट्रेशन है। शेष क्लीनिक व पैथोलॉजी केंद्र अवैध हैं। इनमें अप्रशिक्षित स्टाफ धड़ल्ले से अल्ट्रासाउंड सहित अन्य जांचें कर रहा है।
उधर, शहर के आलोक पैथोलॉजी के संचालक आलोक ने बताया कि 31 मार्च को उनका पंजीकरण खत्म हो गया था। जिसके बाद उन्होंने पैथोलॉजी का पंजीकरण कराने के लिए आवेदन किया था। लेकिन अभी तक पंजीकरण नहीं हुआ है।
दो पैथोलाॅजी व दो क्लीनिक ही रजिस्टर्ड हैं। अन्य संचालक कागजात पूर्ण नहीं कर पा रहे हैं। अवैध रूप से संचालित पैथोलॉजी व क्लीनिकों को बंद कराया जाएगा। - डॉ. गीतम सिंह, सीएमओ