सरीला क्षेत्र के धौहल गांव में फैले भीषण बुखार की खबर सुर्खियों में आने पर स्वास्थ्य विभाग हरकत में आ गया है। विभाग की टीम ने कैंप लगाकर 90 मरीजों का इलाज किया। एक की हालत गंभीर होने पर उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया। कैंप के दौरान सीएमओ ने भी गांव जाकर हकीकत जानी।
क्षेत्र के धौहल गांव में पिछले एक माह से फैले बुखार ने धीरे-धीरे विकराल रूप ले लिया है। गांव के दो सैकड़ा से अधिक लोग इसकी चपेट में हैं। लेकिन स्वास्थ्य विभाग सूचना के बाद भी अनदेखी करता रहा। गांव के हालात पर अमर उजाला की खबर के बाद स्वास्थ्य विभाग की नींद खुली।
रविवार को चार सदस्यीय डाक्टरों की टीम ने गांव के प्राथमिक स्कूल में कैं प लगाकर सुखरानी (50), उमाशंकर (55), चंद्रवती (48), सुक्खा (50), राजकुमारी (28), संतोष (13), मुन्ना (55), नरेश (30), बड़ी बहू (38), विनीता (28), देववती (55), लालमन (60), रामप्यारी (62), सविता (58), नारायण (70), सुमनलता (48), राधा (18), प्रमोद कुमार (60), विकास (13), दयाशंकर (70), शंकर (65), सियारानी (60), सोना (9), निधि (5), राजकुमारी (35), सुनीता (30), आशुतोष (13), मुन्ना (55), नरेश (30), केदार (75), ओंमकार (45) सहित 90 लोगों का इलाज किया।
कैंप में इलाज कराने आए लखन चौधरी की हालत गंभीर होने पर उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया। कैंप के दौरान मुख्य चिकित्साधिकारी डा.हरगोविंद वर्मा ने भी गांव जाकर हालात का जायजा लिया और लोगों से बीमारी के बारे में जानकारी ली। कैंप में सीएचसी सरीला के एमओआईसी डा.अशोक, डा.देवेंद्र, डा.अरविंद, डा.शिवसहाय, फार्मेसिस्ट सर्वेश, बीएल वर्मा, एलटी घनश्याम, मलेरिया सुपरवाइजर विनोद खरे, एएनएम गीता मौजूद रही।
एमओआईसी डा.अशोक का कहना है कि धौहल गांव में मौसमी वायरल फैला है। यह बुखार गंदगी के कारण तेजी से फैलता है। वायरल बुखार में प्लेटलेट्स कम हो जाते हैं। जिससे मरीज डेंगू की आशंका में घबरा जाते हैं या प्राइवेट डाक्टर जानबूझकर मरीजों को डरा देते हैं। गांव में कैं प लगाकर 90 लोगों का इलाज किया गया। जिसमें 40 मरीजों में बुखार के लक्षण पाए गए, जो आम बात है। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि उमाशंकर ने गांव में गंदगी का अंबार होने की बात स्वीकार कर कहा कि गांव की सफाई की जिम्मेदारी लोगों की भी है।
अकेला एक सफाई कर्मी पूरे गांव को कहां तक साफ रखेगा। उन्होंने बीडीओ सरीला से गांव की सफाई कराने के लिए अतिरिक्त सफाई कर्मियों को गांव भेजने की मांग की है। सीएमओ डा. हरगोविंद वर्मा ने कहा कि डाक्टरों से बुखार के बारे में जानकारी लेकर ग्रामीणों से पूछताछ की। उन्होंने भी गांव में गंदगी फै ले होने के कारण बुखार की बात कही। ग्रामीणों से साफ सफाई चुस्त दुरुस्त रखने को कहा है। स्वास्थ्य कर्मियों को गांव में पैनी नजर रखने व गांव में दवा का छिड़काव करने के निर्देश दिए हैं।