मझगवां थाने के जराखर गांव में घर के बाहर चारपाई पर सो रहे एक दलित अधेड़
की सोते समय सिर में गोली मार हत्या कर दी गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव
का पोस्टमार्टम कराया। परिजनों का कहना है कि मृतक की किसी से कोई रंजिश
नहीं थी। फिलहाल पुलिस हत्या के कारणों और हत्यारोपियों की तलाश में जुट गई
है। मृतक के बडे़ बेटे ने अज्ञात लोगों के विरुद्ध हत्या की रिपोर्ट दर्ज
कराई है।
जराखर गांव निवासी धर्मदास (52) पुत्र हीरालाल अनुरागी गांव
में सब्जी बेचता था। उसके तीन पुत्र रामशरण, कंधीलाल और बाबूराम मजदूरी
करते हैं।
मृतक के पुत्र बाबूराम ने बताया कि बुधवार रात उसके पिता अपनी
पौत्री शिखा (4) पुत्री कंधीलाल को साथ लेकर घर के बाहर सड़क पर चारपाई डाल
सो रहे थे। घर के अन्य परिजन घर के अंदर सो रहे थे।
आधी रात के समय अज्ञात
लोगों ने पिता के सिर पर गोली मार हत्या कर दी। जब सुबह करीब साढ़े पांच
बजे वह उन्हें सब्जी बेचने के लिए जगाने पहुंचा तो खून से लथपथ पड़े थे।
ग्रामीणों को जब हत्या की जानकारी हुई तो घर के बाहर भीड़ लग गई। धर्मदास
के बडे़ पुत्र रामशरण ने अज्ञात लोगों के खिलाफ पिता की गोली मारकर हत्या
किए जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई है।
रामशरण ने बताया कि गांव में हम लोगों
की किसी से कोई रंजिश नहीं है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है। सिर
में गोली लगने के कारण मृतक के सिर का चिकित्सकों ने एक्सरे कराया। घटना का
कारण स्पष्ट नहीं हो सका है।
पूछताछ में थानाध्यक्ष को पड़ोसियों ने बताया
कि उन्हें गोली चलने की आवाज नहीं सुनाई दी। थानाध्यक्ष ने बाबा के साथ
सोई शिखा से पूछताछ की पर डरी सहमी होने से वह कुछ बोल नहीं पाई।
मझगवां
थानाध्यक्ष विनय कुमार सिंह ने बताया कि कारण अज्ञात है। घटना की पूरी जांच
की जा रही है। शीघ्र ही हत्यारोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।