नशे में धुत महिला महाविद्यालय के प्रोफेसर की तेज
रफ्तार कार अनियंत्रित होकर गुरुवार रात जिला अस्पताल के सामने एक मेडिकल
स्टोर में जा घुसी। हादसे में दवा खरीद रहे वकील की मौत हो गई, जबकि मेडिकल
स्टोर का काउंटर और प्रोफेसर की कार क्षतिग्रस्त हो गई। घटना से आक्रोशित
लोगों ने प्रोफेसर को पीटकर पुलिस के हवाले कर दिया। उधर, वकील के इलाज में
लापरवाही का आरोप लगाकर वकीलों व परिजनों ने जिला अस्पताल में जमकर हंगामा
किया। सूचना पाकर पहुंचे एएसपी ने मौके पर पहुंचकर मामले को शांत कराया।
शुक्रवार को अधिवक्ता संघ ने उनके निधन पर शोकसभा की।
कुरारा
थानाक्षेत्र के बिलौटा गांव निवासी वकील रघुवीर वर्मा (55) पुत्र परमलाल
मौजूदा समय में मुख्यालय के नौबस्ता मोहल्ले में परिवार के साथ रहते थे।
गुरुवार रात 10:30 बजे वह पत्नी की दवा लेने अस्पताल रोड स्थित गायत्री
मेडिकल स्टोर पर आए थे। तभी कोतवाली की ओर जा रहे राजकीय महिला महाविद्यालय
के प्रोफेसर डा. अशोक बाबू की तेज रफ्तार कार मेडिकल स्टोर में जा घुसी।
कार की जोरदार टक्कर से जहां रघुवीर लाल लहूलुहान होकर गिर पड़े वहीं
मेडिकल स्टोर का काउंटर और कार के परखच्चे उड़ गए। जोरदार धमाका सुनकर
आसपास के दुकानदार व लोग दौड़े और भाग रहे प्रोफेसर को पकड़ने के बाद जमकर
पीटा
और पुलिस को सौंप दिया। उधर, दीवार की आड़ में आ जाने से मेडिकल स्टोर
संचालक मालिक अखिल मोहन सिंह बच गए। तत्काल ही अधिवक्ता के परिवारीजन भी
मौके पर पहुंचे और जिला अस्पताल में भर्ती कराया।
वकील की हालत गंभीर देखकर
डॉक्टरों ने रेफर करने की बात कही तो परिजन भड़क गए। इस दौरान वकील की मौत
हो गई। गुस्साए लोगों ने डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा करना
शुरू कर दिया।
हादसे की सूचना पाकर अपर पुलिस अधीक्षक आदित्यप्रकाश वर्मा,
एसडीएम आएएस वर्मा, सीओ सीताराम, कोतवाल पीके यादव, थानाध्यक्ष सुमेरपुर
सुभाष यादव समेत कई थानों का फोर्स अस्पताल पहुंच गया।
एएसपी के समझाने पर
लोग शांत हुए। कोतवाल पीके यादव ने बताया कि कालेज के प्रोफेसर के खिलाफ
मुकदमा दर्जकर गिरफ्तार कर लिया गया है साथ ही कार भी बरामद कर ली गई है।
उधर एएसपी ने बताया कि आरोपी प्रोफेसर का मेडिकल परीक्षण कराया गया, जिसमें
एल्कोहल की पुष्टि हुई है। उधर किसी भी अधिवक्ता द्वारा जमानत याचिका
दाखिल न करने पर प्रोफेसर को जेल भेज दिया गया।