- वादी पिता ने दो आरोपियों के खिलाफ दर्ज कराई थी रिपोर्ट, अब एक को बताया दोषी
संवाद न्यूज एजेंसी
कुरारा (हमीरपुर)। थाना क्षेत्र के एक गांव में गर्भवती मानसिक बीमार महिला से हुए सामूहिक दुष्कर्म में पीड़िता की मौत के मामले में नया मोड़ आया है। दो लोगों पर मुकदमा दर्ज कराने वाले मृतका के पिता ने बयान बदलते हुए मामले में एक को दोषी बताया है। पुलिस ने दोनों आरोपियोें में से केवल एक को जेल भेजा है।
एक गांव निवासी व्यक्ति ने बीते आठ सितंबर को थाने में दो लोगों पर उसकी 30 वर्षीय गर्भवती शादीशुदा बेटी से दुष्कर्म करने पर उसकी हालत बिगड़ने की रिपोर्ट दर्ज कराई। वहीं, हालत नाजुक होने पर परिजन उसे कानपुर इलाज को ले गए। जहां 10 सितंबर को महिला की मौत हो गई। इस पर मृतका के भाई ने बताया कि उसकी बहन ससुरालीजनों से विवाद के चलते मायके में रहती थी। मानसिक रूप से बीमार होने के चलते गांव निवासी रामबाबू व मुन्नीलाल काफी समय से उसका शारीरिक शोषण कर रहे थे। इनके कारण उसकी बहन चार माह की गर्भवती थी। जिसे खेत में बुला इन्होंने उसे गर्भनिरोधक गोलियां खिला दी। इससे उसकी मौत हो गई।
वहीं, बुधवार को सीओ सदर ने बताया कि मामले के दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया गया है। बुधवार रात मृतका के पिता ने मुन्नीलाल का मामले में हाथ न होने की बात मीडिया में कही। इसके लिए केवल रामबाबू को दोषी ठहराया। बृहस्पतिवार को पुलिस ने रामबाबू को जेल भेज दिया। सीओ सदर राजेश कमल ने बताया कि साक्ष्य संकलन न होने के कारण दूसरे आरोपी को जेल नहीं भेजा जा सका। उसे भी जल्द भेजा जाएगा। रहीं बात पिता के बयान बदलने की तो उसके न्यायालय में बयान कराए जाएंगे।