किसानों की समस्याओं को लेकर बुंदेलखंड किसान यूनियन ने मंगलवार को तहसील में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया। प्रदर्शन की अध्यक्षता कर रहे राष्ट्रीय अध्यक्ष विमल कुमार शर्मा ने कहा कि किसानों की समस्याओं पर सरकार ध्यान नहीं दे रही है। किसानों का उत्पीड़न अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
उन्हाेंने कहा कि सूखे के चलते किसान बर्बाद हो गया है। राष्ट्रीय महामंत्री गजबदन शुक्ला, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्रवण कुमार शर्मा ने कहा कि किसानों के बिजली के बिलों में धांधली की जा रही है। सरकारी मशीनरी भ्रष्टाचार में डूबी हुई है। समस्या का समाधान न होने पर बुंदेलखंड का किसान सड़काें पर उतरने को मजबूर होगा।
धरना प्रदर्शन के बाद राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ने 11 सूत्री ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा। इसमें बुंदेलखंड क्षेत्र को सूखा ग्रस्त घोषित करने, कृषि ऋण माफ करने, क्रेशराें पर अंकुश लगाने, किसान आयोग का गठन करने, पेंशन योजना लागू करने, बैंक मैनेजरों, लेखपालों और अधिकारियों द्वारा किसानों के शोषण को रोकने आदि मांगें उठाईं।
धरना प्रदर्शन के दौरान बाला प्रसाद, लक्ष्मीकांत, ध्रुवराम, आत्मराम जिला प्रवक्ता, बाल कृष्ण पटेल बांदा, अश्वनी कुमार, उमा सिंह बांदा, रामू महाराज, अवधेश द्विवेदी चरखारी, रमाशंकर चतुर्वेदी आदि मौजूद रहे। इस मौके पर किसानों ने शासन-प्रशासन के विरुद्ध जमकर नारेबाजी की।