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कर्ज में डूबे किसान ने फांसी लगा कर जान दी

Thu, 21 Jan 2016 11:19 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, हमीरपुर।
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भरुआ सुमेरपुर (हमीरपुर)। भरुआ सुमेरपुर थाना क्षेत्र के टेढ़ा गांव में एक और किसान की कर्ज के तनाव ने जान ले ली। किसान ने घर में फांसी लगा कर खुदकुशी कर ली। किसान ने इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक से डेढ़ लाख का किसान क्रेडिट कार्ड बनवाने के साथ रिश्तेदारों से 50 हजार रुपये का कर्ज भी ले रखा था। घटना से मृतक के परिवार में कोहराम मच गया है।
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टेढ़ा गांव निवासी सुरेश कुशवाहा (45) के पास आठ बीघे पुश्तैनी जमीन थी। पिता की मौत के  बाद चार बीघे जमीन उसकी मां चंदनिया और चार बीघे उसके नाम दर्ज हुई। इसी आठ बीघे जमीन से परिवार का भरण पोषण चल रहा था। सुरेश ने अपनी बड़ी पुत्री की शादी के लिए वर्ष 2013 में चार बीघे जमीन  ताऊ रामप्रसाद कुशवाहा के पास गिरवी रख 60 हजार रुपये उधार लिए।

 इस रकम से सुरेश ने अपनी बेटी की शादी कर दी। इसके बाद मां- बेटे ने गांव स्थित इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक शाखा से डेढ़ लाख रुपये का किसान क्रेडिट कार्ड बनवाया। सुरेश कुशवाहा ने रिश्तेदारों से भी 50 हजार रुपये का कर्ज ले रखा था। सुरेश के ऊपर करीब तीन लाख रुपये का कर्ज चढ़ गया। इस बीच उसकी मां भी बीमार हो गई। सुरेश ने चार बीघे जमीन पर पलेवा कर गेहूं बोया, मगर सूखे से फसल नहीं उगी।
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इससे वह तनाव में रहने लगा। पत्नी अनुसुइया ने बताया उसका पति बढ़ता कर्ज चुकाने के लिए बेहद परेशान रहता था। उसने जमीन बेचने की सलाह दी तो उसने मना कर दिया। कहावह जमीन नहीं बेचेगा भले ही जान चली जाए। बुधवार रात करीब दो बजे सुरेश ने घर की अटारी पर चढ़ कर फांसी लगा कर खुदकुशी कर ली। प्रधान प्रतिनिधि सौरभ सिंह ने बताया घटना की सूचना पुलिस के साथ राजस्व लेखपाल को भी दी गई है लेकिन लेखपाल अभी तक नहीं आया है। पूर्व प्रधान शिवमंगल सिंह ने शोक संतप्त परिवार को हर संभव मदद का आश्वासन दिया है।

सिलबट्टे पर मिली पिसी चटनी
भरुआसुमेरपुर (हमीरपुर)। कर्ज अदायगी को लेकर परेशान होकर खुदकुशी करने वाले किसान सुरेश कुशवाहा के नाम अंत्योदय कार्ड है। उसे हर माह 35 किलो अनाज मिलता था। मगर सात लोगों के परिवार के लिए यह अनाज नाकाफी है । उधर आठ बीघे पैतृक जमीन में चार बीघा गिरवी होने पर सिर्फ चार बीघे में ही सुरेश खेती कर रहा था। किसान की मौत के बाद अमर उजाला टीम ने उसके घर का जायजा लिया। उसके घर में सिलबट्टे पर चटनी पिसी मिली। एक पतीली में कुछ आटा रखा मिला। सुरेश कुशवाहा की पत्नी अनुसुइया ने बताया परिवार मुश्किल हालात में किसी तरह गुजर बसर कर रहा था। पति की मौत के बाद वह टूट गई है।
सास बीमार है और दूसरी बेटी भी शादी लायक हो रही है।

कर्ज के तनाव ने ले ली जान
किसान सुरेश कुशवाहा ने वर्ष 2013 में बड़ी पुत्री की शादी के लिए चार बीघे जमीन अपने ताऊ  रामप्रसाद के पास गिरवी रख दी। अनुसुइया ने बताया इस पर ब्याज चढ़ रहा है । गिरवी रखे खेत में हो रही फसल भी कर्ज  देने वाले सुरेश के ताऊ ले रहे थे। केसीसी का कर्ज भी लगातार बढ़ता जा रहा है। खेत में फसल पैदा न होने से सुरेश कुशवाहा कर्ज अदा नहीं कर पा रहा था। यही तनाव किसान की मौत का सबब बन गया।


टेढ़ा गांव में कर्ज से परेशान किसान की मौत की सूचना अभी तक नहीं मिली है। मामले की जांच राजस्व विभाग के अधिकारियों को भेजकर कराएंगे। इसके बाद संबंधित परिवार की मदद की जाएगी।
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                                           डा. राजेश कुमार प्रजापति, एडीएम
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