मंडलायुक्त मुरलीधर दुबे ने विकास संबंधी बैठक में कहा कि पिछली बार यह
जनपद प्रदेश में 14वें स्थान पर था। पर अधिकारियों की मनमानी के चलते 62वें
स्थान पर पहुंच गया। जो अधिकारी कार्य में रुचि नहीं लेगा, उसका वेतन अगले
माह रोक दिया जाएगा। वहीं नगर पालिका सदर व राठ के ईओ, जलनिगम के अधिशाषी
अभियंता को कार्यों में शिथिलता पाए जाने पर प्रतिकूल प्रवििष्ट दी है।
मंडलायुक्त
ने कहा कि जलनिगम के पास धन की कमी नहीं है। इसके बावजूद काम की शिथिलता
के चलते सी ग्रेड पर चला गया है। कहा कि अगर कार्य की प्रगति ठीक नहीं रही
तो कार्रवाई तय है।
स्वच्छ शौचालय पर कहा कि जहां प्रदेश का औसत 60 प्रतिशत
है। वहीं जिले का प्रतिशत सिर्फ 28 है। डीपीआरओ से कहा कि अगली बैठक तक
काम को पूरा करें। जनपद में वह सात जनवरी को फिर आएंगे।
मंडलायुक्त ने कहा
कि तालाब के जीर्णोद्धार की प्रगति ठीक नहीं है। सीडीओ से कहा बीडीओ की
बैठक बुलाकर कार्य में ध्यान दें। वृद्धावस्था पेंशन में फीडिंग ने होने के
कारण 114 लोगों के खाते में पेंशन नहीं पहुंचने पर अप्रसन्नता जताई।
मुख्य
पशु चिकित्साधिकारी डा.नेमीचंद्र से आयुक्त ने कहा कि बुंदेलखंड पैकेज में
बांटी गई बकरियों की सूची फोटो सहित उपलब्ध कराएं। ताकि सत्यापन कराया जा
सके।
जिलाधिकारी से कहा कि स्वास्थ्य और बेसिक शिक्षा विभाग का आकस्मिक
जांच कराएं। उन्होंने जोर दिया कि चिकित्सकों और टीचरों की
लोकेशन जानने के लिए बीएसएनएल कार्यालय पर जाकर जानकारी करें।
कर करेत्तर की समीक्षा
में अधिशाषी अधिकारी सदर बुद्धिप्रकाश यादव व राठ के भारत सिंह द्वारा
वसूली कम पाए जाने पर प्रतिकूल प्रवििष्ट दी। वहीं जलनिगम के अधिशाषी
अभियंता को 57 प्रतिशत कार्य करने पर प्रतिकूल प्रवििष्ट दी है।
कार्यदाई
संस्था यूपीपीसीएल के परियोजना प्रबंधक डीआर यादव व पावर कारपोरेशन के
अधीक्षण अभियंता के बैठक में न आने पर कारण बताओ नोटिस जारी किया है।