बिवांर कस्बे में हुए बवाल के तीसरे दिन विभिन्न मांगों को लेकर भाजपा
कार्यकर्ताओं ने मृतक छात्रा के परिजनों के साथ कलेक्ट्रेट परिसर में धरना
शुरू कर दिया। पार्टी के लोग सीबीआई व न्यायिक जांच के साथ अधिकारियों के
निलंबन की मांग कर रहे हैं। इससे पहले रविवार रात 12 बजे तक भाजपा के
प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मीकांत बाजपेई धरने पर बैठे।
इसके बाद भाजपा प्रदेश
अध्यक्ष के निर्देश पर धरने की कमान भाजपा जिलाध्यक्ष संत विलास शिवहरे ने
संभाली। उनकी अगुवाई में सोमवार से बिवांर कांड को लेकर कलेक्ट्रेट परिसर
में पीड़ित परिजनों के साथ धरना शुरूहो गया।
धरने में सांसद पुष्पेंद्र
सिंह चंदेल के अलावा वरिष्ठ नेताओं ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर
भड़ास निकाली। कहा कि आरोपी जीतेंद्र व भूरा के खिलाफ रासुका के तहत
कार्रवाई कर पुलिस अधिकारियों की खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाए।
राज्यपाल को
भेजे ज्ञापन में कहा कि निर्दोष पीड़ित परिजनों व ग्रामीणों के दर्ज मुकदमे
वापस लिए जाएं। मृतक के परिजनों को 25-25 लाख व घायल के परिवारीजनों को
10-10 लाख रुपये की सहायता दी जाए।
घटना में दोषी पुलिस कर्मियों समेत
जिलाधिकारी, एसडीएम मौदहा, सीओ को निलंबित कर इनके विरुद्ध मुकदमा दर्ज किए
जाने की मांग की। धरने में पूर्व सांसद गंगाचरन राजपूत, बाबूराम निषाद,
जगदीश प्रसाद व्यास, जयकरन सिंह, महेंद्र सिंह, राजीव शुक्ला, शिवप्रताप
सिंह सेंगर, आशारानी कबीर, भागवत प्रसाद शिवहरे, बाबूरामप्रकाश त्रिपाठी,
शैलेंद्र त्रिपाठी, विजय पांडेय, रामदत्त पांडेय, खागा विधायक कृष्णा
पासवान, साधना सिंह, रामप्रताप सिंह, अशोक तिवारी के अलावा पीड़िता का पूरा
परिवार धरने में बैठा रहा।