कस्बे के पूर्वी तरौस मोहल्ला निवासी सेवानिवृत्त कर्मी से एटीएम कार्ड का कोड पूछकर जालसाज ने 48 हजार रुपये निकाल लिए। इसकी सूचना पीड़ित ने बैंक प्रबंधक और कोतवाली को दी है।
कस्बा के पूर्वी तरौस पुरवा मोहल्ला निवासी शमसुद्दीन उर्फ चुन्ना परिवहन एटीआई पद से सेवानिवृत्त हैं। उनका खाता कस्बे के एसबीआई में है। उसने एटीएम के लिए बैंक में आवेदन किया। गुरुवार को उसे एटीएम कार्ड मिला। शमसुद्दीन ने बताया कि जैसे ही वह बैंक से बाहर निकला किसी ने उसे फोन किया और कहा कि उसे गुप्त कोड मिल गया है, वह तुरंत एटीएम से पैसा निकाल ले। नहीं तो एटीएम एक्टीवेट नहीं होगा।
उसने खुद को बैंक अधिकारी बता उससे गुप्त कोड पूछ लिया। चुन्ना ने एटीएम से पांच सौ रुपये निकाले। इसके कुछ देर बाद जालसाज ने उसके 48 हजार रुपये निकाल लिए। मोबाइल पर मैसेज आते ही वह बैंक गया और खाता बंद करा दिया। पीड़ित ने इसमें किसी बैंक कर्मी के शामिल होने की आशंका जताई है। उसने कोतवाली में तहरीर दी है। कोतवाल घनश्याम पांडेय ने कहा कि सूचना मिली है, जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।
वहीं राठ में जालसाजों ने एक प्रोफेसर के एटीएम का पासवर्ड पूछ कर खाते से हजारों रुपये की खरीददारी कर ली। पीड़ित ने कोतवाली में प्रार्थना पत्र देकर रिपोर्ट दर्ज करने की गुहार लगाई है। कसबे के ब्रह्मानंद डिग्री कालेज में तैनात बुधौलियाना मोहल्ला निवासी प्रोफेसर रमेशचंद्र द्विवेदी ने बताया कि भारतीय स्टेट बैंक शाखा में उनका खाता है।
गुरुवार शाम किसी ने उनके मोबाइल पर खुद को बैंक कर्मी बता फोन किया। कहा कि आपका एटीएम ब्लाक हो गया है। चालू कराने के लिए आधार नंबर को आपके कार्ड से लिंक करना है। प्रोफेसर ने युवक को पासवर्ड बता दिया। करीब एक घंटे के अंदर उनके खाते से 40 हजार 900 रुपये की खरीददारी कर ली गई। प्रोफेसर को शंका हुई तो उन्हाेंने तत्काल बैंक पहुंच अपना खाता लॉक कराया। पीड़ित ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर दी है। कोतवाल जगदेव प्रसाद यादव ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।