महोबा। शहर में हुई सिपाही की बहन की हत्या के मामले में पिता ने पुलिस अधीक्षक से गुहार लगाई है। पिता का कहना है कि मोहल्ले का रहने वाला एक युवक करीब तीन साल से बेटी को परेशान कर रहा था और उसने कई बार जान से मारने की धमकी भी दी थी जिसको कोतवाली पुलिस बचाने में लगी है। युवक का हाथ बेटी की हत्या में पूरी तरह है। उसने अपनी प्राथमिकी में भी उसका नाम दिया था लेकिन पुलिस उसके खिलाफ जांच नहीं कर रही है।
शहर के एक मोहल्ले की रहने वाली 21 वर्षीय युवती की हत्या 13 अप्रैल की रात हुई थी। उसका शव 14 अप्रैल की सुबह पहाड़ किनारे मिला था। पुलिस ने इस हत्याकांड का 15 अप्रैल की सुबह खुलासा किया था। जिसमें घटना में शामिल दो आरोपियों को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया गया था। इस घटना में युवती के पिता ने बृहस्पतिवार को पुलिस अधीक्षक शशांक सिंह को शिकायती पत्र देकर बताया कि उनकी बेटी की हत्या में एक अन्य युवक की भी साजिश है। वह पिछले तीन साल से बेटी को परेशान कर रहा था और जब उसने युवक को मना किया तो उसने बच्चों को जान से मारने की धमकी दी थी।
उसने इसकी शिकायत भटीपुरा चौकी में भी की लेकिन पुलिस ने समझाकर शिकायत को निस्तारित कर दिया था जिसके बाद युवक ने इस घटना की साजिश की है। मृतका के पिता ने युवक के खिलाफ निष्पक्ष जांच कराकर कार्रवाई की मांग की है। पुलिस अधीक्षक का कहना है कि परिवार के लोगों ने शिकायत की है। आरोपों की जांच कराई जा रही है। यदि युवक की संलिप्तता मिलती है तो कार्रवाई की जाएगी।