हमीरपुर। ग्रामीण इलाकों के घरेलू, कामर्शियल व निजी नलकूपों के बिल बकायेदारों के लिए पावर कारपोरेशन ने एकमुश्त समाधान योजना शुरू की है। इस योजना में बिल सरचार्ज पर उपभोक्ता को सौ फीसदी छूट मिलेगी। फिलहाल योजना में ग्रामीण क्षेत्रों पर फोकस किया गया है। देखा जाए तो तमाम उपभोक्ताओं ने पीडी कराया है, लेकिन कागजों पर कनेक्शन जारी है। बकाएदार कनेक्शन धारकों की जिले में 82042 संख्या है। इन उपभोक्ताओं पर कारपोरेशन का 143 करोड़ से अधिक का बकाया है। सामान्य स्थिति में इस राशि को वसूलने में कारपोरेशन को जमकर पसीना बहाना होगा।
ग्रामीण क्षेत्रों में पावर कारपोरेशन का करोड़ों रुपया फंसा है। इसके पीछे ग्रामीणों क ो समय से बिल न मिल पाना मुख्य कारण है। वहीं जिले में एक फसली खेती होने से सारा दारोमदार फसल उत्पादन पर टिका है। हर साल मार्च के बाद ही नई फसल आने पर ग्रामीण बिल की अदायगी कर पाते है। बकाया वसूली के लिए विभाग निरंतर प्रयास करता है, लेकिन सफलता नहीं मिल पा रही है। दरअसल समय से बिल जमा न करने के कारण सरचार्ज जुड़ने के बाद बिल की राशि इतनी हो गई है कि उपभोक्ता भुगतान करने में आनाकानी कर रहे है। अब उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन ने 11 नवंबर से एकमुश्त समाधान योजना शुरू की है। योजना का लाभ लेने के लिए 10 जनवरी तक कारपोरेशन कार्यालय में पंजीयन कराना अनिवार्य है। एक हजार रुपये जमा कर पंजीयन कराने वाले उपभोक्ता 24 जनवरी तक भुगतान कर सकते है। यदि निर्धारित तिथि पर भुगतान नहीं किया तो पंजीयन राशि जब्त कर ली जाएगी। योजना के तहत 31 अक्तूबर 2014 तक का सरचार्ज माफ किया जाएगा। जिन उपभोक्ताओं पर आरसी जारी हो चुकी है। वे भी इस योजना का लाभ ले सकते है। पंजीयन कराने के बाद आरसी वापस ले ली जाएगी। इसी प्रकार यदि प्रकरण कोर्ट में विचाराधीन है तो भी योजना का लाभ लिया जा सकता है। इसके लिए संबंधित उपभोक्ताओं को शपथपत्र देना होगा। योजना में स्थाई रुप से विच्छेदित कनेक्शनों को भी शामिल किया गया है। पंजीयन के बाद उपभोक्ता को संशोधित बिल उसी दिन अथवा एक सप्ताह के अंदर उपलब्ध करा दिया जाएगा। यदि पंजीकृत बकाएदारों के अंतिम देय बिल की राशि पंजीकरण के लिए समय जमा की जाने वाली राशि से कम आती है तो उपभोक्ता से अधिक ली गई राशि आगे के बिलों में समायोजित कर दी जाएगी। बिल की राशि से अधिक है तो उपभोक्ता द्वारा अवशेष धनराशि का भुगतान किया जाएगा।
(इनसेट)
मीटर लगवाना होगा अनिवार्य
एकमुश्त समाधान योजना का लाभ लेने वाले उपभोक्ताओं को मीटर लगवाना अनिवार्य होगा। पंजीयन कराते समय उपभोक्ताओं से इस आशय का शपथपत्र भी लिया जाएगा। शपथ पत्र में यह भी दर्शाना होगा कि वो स्वयं मीटर स्थापित करवाना चाहता है अथवा विभाग के माध्यम से। यदि वो स्वयं मीटर स्थापित कराना चाहेगा तो मीटर का प्रयोगशाला में परीक्षण कराने के बाद निर्धारित समय में कनेक्शन पर स्थापित कर दिया जाएगा। वहीं जिनके यहां पहले से मीटर लगे है उन पर शर्त लागू नहीं होगी। ग्रामीण क्षेत्र में बमुश्किल 10 फीसदी कनेक्शनों पर मीटर लगे हैं।
बकायेदार घरेलू कनेक्शनोें पर एक नजर
डिवीजन कनेक्शन बकाया
हमीरपुर 30173 360748800
मौदहा 21906 296621857
राठ 16790 214900630
बकायेदार कामर्शियल कनेक्शन धारक
हमीरपुर 2988 79755208
मौदहा 1889 60332141
राठ 2408 68475274
बकायेदार निजी नलकूप धारक
हमीरपुर 2017 141920975
मौदहा 1550 73411352
राठ 2321 133875236
बकायेदारों से भू राजस्व की तरह होगी वसूली
जो बकायेदार योजना का लाभ लेने के लिए पंजीयन नहीं कराते हैं तो उनके कनेक्शन काट दिए जाएंगे। यदि उन्होंने फिर भी विद्युत का प्रयोग अनुचित रूप से किया तो एफआईआर दर्ज होगी। इसके अलावा आरसी जारी कर भू राजस्व की तरह वसूली की जाएगी। बकाया वसूली अभियान चलाया जा चुका है।
कोट्स..
घरेलू, वाणिज्यिक व निजी नलकूपों पर 143 करोड़ 41 हजार 473 रुपये की बकायेदारी है। ऐसे कनेक्शन धारक 82042 हैं। योजना के तहत 10 जनवरी 2015 तक पंजीकरण कराने वाले उपभोक्ताओं के बीते 31 अक्तूबर तक की बिल राशि पर सरचार्ज में शत प्रतिशत छूट दी जाएगी। इस योजना का लाभ ग्रामीण और किसान उठा सकते हैं। ---------तरनवीर सिंह, अधिशाषी अभियंता पावर कारपोरेशन