इंगोहटा में मवेशियों ने नष्ट की गेहूं की फसल।
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ग्राम पंचायत इंगोहटा में बुधवार रात अन्ना मवेशियों ने दो दर्जन किसानों की 80 बीघे में खड़ी गेहूं, चना, मसूर व सरसों की फसल को चट कर दी। गांव में अन्ना गोवंश आश्रय स्थल का कोई इंतजाम नहीं कराया गया। इससे किसानों में आक्रोश है।
इंगोहटा के किसानों ने बताया बुधवार रात करीब एक सैकड़ा अन्ना गोवंश भाटी हार व भदवा हार में दो दर्जन किसानों की फसलें बर्बाद कर दी हैं। किसानों के अनुसार अरविंद सोनकर की दस बीघे गेहूं की फसल, देवीदीन यादव, राजाभइया सोनकर, जगदीश यादव, रामजीवन यादव, काली प्रसाद यादव की पांच-पांच बीघा, राजवीर सिंह की 14 बीघा गेहूं, राम किशुन सोनकर की चार बीघे चना व सरसों, दृगपाल की पांच बीघे की लाही व दो बीघा गेहूं, श्यामसुंदर के दो बीघा की गेहूं, रामआसरे सोनकर की चार बीघे की सरसों, रमेश सोनकर के चार बीघे का गेहूं, भोला के तीन बीघे के गेहूं, कामता साहू, बबलू साहू, किशोरी सोनकर, कल्लू वर्मा, देवराज सोनकर की दो-दो बीघे गेहूं व जगदीश के छह बीघे मटर की फसल अन्ना चट कर गए हैं।
अन्ना गोवंश के इस कहर से किसानों में रोष व्याप्त हो गया है। ग्राम प्रधान ने अन्ना गोवंश के संरक्षण के लिए अभी तक कोई ठोस इंतजाम नहीं किए हैं। करीब 400 अन्ना गोवंश छुट्टा घूम रहे हैं। उधर ग्राम प्रधान शीतल प्रसाद कोरी ने बताया कि वह दुर्घटना में घायल हो गए थे। उनका कानपुर में इलाज चल रहा है उन्होंने व्यवस्था की थी। लेकिन अराजकतत्व गोवंश को रात के अंधेरे में निकाल देते हैं। इसकी शिकायत पुलिस से भी कर चुके हैं।