इस बार हर हज उड़ान के साथ हज सेवक भेजे जाएंगे। इन हज सेवकों के चयन के बाद मार्च में विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके लिए आवेदन की अंतिम तिथि 28 फरवरी निर्धारित की गई है।
राज्य हज कमेटी के अनुसार प्रदेश के हज यात्रियों का 27 हजार के कोटे के साथ 50 हज सेवकों को शामिल किया जाएगा। सेंट्रल हज कमेटी के निर्देशों के अनुसार हर उड़ान के साथ एक हज सेवक को रवाना किया जाएगा। राज्य हज कमेटी के मुताबिक हज सेवकों को 28 फरवरी तक आवेदन जमा कराना होगा।
हज सेवकों को हज से संबंधित जानकारियां देने के लिए मार्च में उन्हें प्रशिक्षण देकर अप्रैल से उन्हें हज कार्यालय से जोड़ लिया जाएगा। राज्य हज कमेटी के सचिव अबरार अहमद ने हज सेवकों के आवेदकों से कहा कि आवेदन के समय एनओसी प्रमाण पत्र के साथ हज आवेदन की अन्य सभी औपचारिकताएं पूरी करनी होगी। हज सेवकों के साथ ही हज आवेदकों ने फॉर्म जमा करना शुरू कर दिया। अब तक 10 हज सेवकों के आवेदन के साथ 25 हज आवेदन जमा हो चुके हैं।
हज कार्यालय में बने विशेष काउंटर
हज कार्यालय में हज आवेदन जमा करने के दो विशेष काउंटर बनाए गए हैं। हज आवेदकों को कोई समस्या न हो इसके लिए राज्य हज कमेटी में दो नए काउंटर बने हैं। इन काउंटर पर सिर्फ हज आवेदन फॉर्म ही जमा होंगे। राज्य हज कमेटी ने इस बार हज आवेदकों की भीड़ पर नियंत्रण के लिए कार्यालय कर्मचारियों की टीम बनाने का भी निर्णय लिया है। टीम की जिम्मेदारी आवेदन जमा कराने की होगी।
टोकन सिस्टम से जमा होंगे आवेदन
हज सेवकों को अब लंबी लाइन नहीं लगानी होगी उन्हें हज काउंटर पर अपना आवेदन जमा करने के साथ ही टोकन दे दिया जाएगा। इस टोकन पर क्रमांक होगा, इसके मुताबिक आवेदक का नंबर आएगा। उसे लाइन लगाकर इंतजार नहीं करना होगा।