नसबंदी के बाद खजनी में महिलाओं को खुले में लिटाने का मामला
खजनी स्वास्थ्य केंद्र पर तीन मार्च को नसबंदी के बाद महिलाओं को खुले में लिटाने केमामले को महिला आयोग ने गंभीरता से लिया है। आयोग ने सीएमओ को पत्र भेजकर अब तक की गई जांच की रिपोर्ट मांगी है। उधर, आयोग की सख्ती के बाद सीएमओ डॉ. एमके सिंह ने स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी से तीन दिन में जवाब तलब किया है।
खजनी स्वास्थ्य केंद्र पर तीन मार्च को नसबंदी के लिए कैंप लगाया गया था। यहां टेंट हाउस से चारपाई तो मंगाई गई पर पर्दा या छाजन की व्यवस्था नहीं की गई। नसबंदी के बाद महिलाओं को खुले में ही लिटा दिया गया। ‘अमर उजाला’ ने इस खबर को प्रमुखता से छापा था। इसे उप्र महिला राज्य आयोग ने गंभीरता से लेते हुए अब तक की गई कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट मांग ली है।
आयोग की सख्ती के बाद सीएमओ ने स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी से नसबंदी के बाद महिलाओं को खुले में लिटाने की वजह और अब तक की गई कार्रवाई की जानकारी मांगी है। उन्होंने बताया कि केंद्र प्रभारी का जवाब आने के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।