केंद्रीय जल संसाधन मंत्री उमा भारती ने कहा कि प्रदेश सरकार केंद्र की परियोजनाओं को शुरू अड़ंगे डाल रही है। अखिलेश यादव मोदी से बहस करने को कहते हैं। मैं उन्हें चुनौती देती हूं की वह मुझसे बहस करें। उन्हें बताऊंगी कि वह किस तरह से विकास रोक रहे हैं। उमा ने खोराबार के तरकुलानी प्रोजेक्ट का उदाहरण दिया।
वह सोमवार को प्रेसवार्ता कर रहीं थी। कहा कि तरकुलानी में जलनिकासी के लिए उच्च झमता का पंप लगाना है। लागत का 50 प्रतिशत राज्य सरकार को वहन करना है। लेकिन सूबे के अधिकारियों ने हाथ खड़ा कर दिया। काफी प्रयास से बार्डर एरिया के तहत प्रस्तावित करके काम कराने का रास्ता ढूंढा गया, लेकिन राज्य सरकार की एजेंसी ने समय से डीपीआर नहीं दिया। प्रक्रिया पूरी होने से पहले आचार संहिता लग गई और वह काम लटक गया। उन्होंने एम्स की जमीन और बनारस में टेक्सटाइल पार्क की जमीन न देने पर सीएम को घेरा।
कहा कि मुख्यमंत्री किसी योजना का लाभ देने के लिए सपाई ढूंढते हैं। भाजपा को छोटे राज्यों का पक्षधर बताते हुए बुंदेलखंड और पूर्वांचल विकास बोर्ड के गठन को इसी दिशा में उठाया गया कदम बताया। कहा कि राहुल-अखिलेश की दोस्ती जनता पसंद नहीं कर रही है। अखिलेश को जिस दिन 200 से अधिक विधायकों ने समर्थन दिया था तब लगा वह बहुत ताकतवर मुख्यमंत्री हैं, अपने पिता को पार्टी से निकाल कर अखिलेश ने अपना कद छोटा किया। जिस दिन राहुल के साथ खड़े हो गए उसी दिन उनका वजन कम हो गया।
उमा भारती ने धर्म और जाति की राजनीति के आरोप को खारिज करते हुए पार्टी में एमजे अकबर, शाहनवाज हुसैन, नजमा हेपतुल्ला, मुख्तार अब्बास नकवी जैसे नेताओं के नाम गिनाए।