नागरिकता संशोधन कानून निरस्त करने के साथ ही किसानों की समस्याओं समेत 18 मांगों को लेकर समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने गोरखपुर-बस्ती मंडल के सभी जिलों में धरना-प्रदर्शन किया। वहीं, पुलिस भी ढील बरतने के मूड में नहीं दिखी। पहले से चेताया जा चुका था कि किसी ने भी जिले की कानून व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश की तो उसपर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
गोरखपुर में 200, महाराजगंज में 250, सिद्धार्थनगर में 70 और बस्ती में सपा जिलाध्यक्ष महेंद्र नाथ यादव समेत 50 सपा कार्यकताओं को हिरासत में ले लिया गया है।
सिद्धार्थनगर में नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में कलेक्ट्रेट पर धरना देने जा रहे सपा कार्यकर्ताओं को पुलिस ने जय किसान इंटर कॉलेज में अस्थाई जेल बनाकर बंद कर दिया है।
एसडीएम सदर और सीओ सदर के नेतृत्व में पुलिस की टीम पहले सपा कार्यकर्ताओं कार्यालय पर ही नजरबंद कर दिया। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने विरोध शुरू कर दिया। जिस पर पुलिस ने उन्हें हिरासत में लेते हुए जय किसान इंटर कॉलेज सनई में गिरफ्तार कर लिया है। इस दौरान पूर्व विधायक विजय पासवान, अजय चौधरी, मणीन्द्र मिश्र, इंद्रासना त्रिपाठी, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष चमन आरा राइनी आदि मौजूद रही है।
गोरखपुर में हिरासत में लेने की तैयारी
गोरखपुर में भी सपाइयों ने नगर निगम में प्रदर्शन कर गिरफ्तारी दी। करीब दो सौ की संख्या में धरना स्थल से सपाई पुलिस लाइंस ले जाए गए, जहां से थोड़ी देर बाद निजी मुचलके पर उन्हें छोड़ दिया गया। हालांकि पुलिस अफसरों के मुताबिक सिर्फ 34 कार्यकर्ताओं की ही गिरफ्तारी हुई है।
धारा 144 लागू होने के बीच सुबह 10:30 बजे से ही सपाई नगर निगम में जुटने लगे। सुबह 11 बजे से निगम परिसर के रानी लक्ष्मी बाई पार्क में धरना-प्रदर्शन शुरू हुआ। हालांकि धरना-प्रदर्शन को लेकर पुलिस और प्रशासन के अफसर दो दिन पहले से सतर्क थे। इसी वजह से बेतियाहाता स्थित सपा कार्यालय से लेकर नगर निगम परिसर तक भारी संख्या में पुलिस तैनात रही। सभी एडीएम, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट, सिटी मजिस्ट्रेट और एसपी सिटी समेत पुलिस के तमाम अफसर नगर निगम के साथ ही शहर के विभिन्न स्थानों पर भ्रमण कर निगरानी करते रहे।