बेतियाहाता स्थित रीड साहब के धर्मशाला का निरीक्षण करते डीएम के विजयेंद्र पाण्डियन।
रीड साहब धर्मशाला पर लटकी प्रशासन की तलवार
गोरखपुर। बेतियाहाता चौराहे के पास स्थित 70 साल से भी अधिक पुराने रीड साहब धर्मशाला को खाली कराने के साथ ही उसे ध्वस्त भी कराया जा सकता है। इसे लेकर तैयारी चल रही है। बुधवार को डीएम के. विजयेंद्र पांडियन ने धर्मशाला परिसर का निरीक्षण किया। हालांकि उन्होंने अभी इसे खाली कराने की कोई योजना बनने से इनकार किया है। उनका कहना है कि अभी सर्वे कराया जाएगा, फिर यह तय किया जाएगा कि भविष्य में क्या करना है।
बीच शहर में दो एकड़ से अधिक में बसे इस धर्मशाला को खाली कराने को लेकर पहले भी कई बार प्रयास हुए, लेकिन हर बार कोई न कोई कोर्ट में चला गया, जिससे प्रयास धरा का धरा रह गया। विश्वस्त सूत्रों के मुताबिक, जिस भी मूल आवंटी को वहां घर आवंटित किए गए थे, उन सभी की लीज का समय पूरा हो चुका है। ऐसे में प्रशासन इस जगह का इस्तेमाल करने की गोपनीय तरीके से योजना बना रहा है। नगर निगम सूत्रों के मुताबिक, निगम वहां मल्टीस्टोरी व्यावसायिक इमारत बनाने की योजना तैयार कर रहा है।
डीएम के. विजयेंद्र पांडियन का कहना है कि रीड साहब धर्मशाला को अभी इसे खाली कराने पर कोई निर्णय नहीं हुआ है। प्रशासन सर्वे कराकर देखेगा कि यह कैसी और किसकी जमीन है। इसके बाद ही भविष्य को लेकर कोई निर्णय होगा।