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दो हजार करोड़ मिले, कल से लेन-देन सुधरने की उम्मीद

Sun, 18 Dec 2016 01:43 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
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आरबीआई की तरफ से शनिवार की सुबह गोरखपुर के एसबीआई चेस्ट को दो हजार करोड़ रुपये मिले। इनमें एक हजार करोड़ सिर्फ गोरखपुर जिले के लिए जबकि शेष एक हजार करोड़ गोरखपुर मंडल के दूसरे जिले बस्ती, संतकबीरनगर, फैजाबाद, गोंडा, मऊ, आजमगढ़ और बलिया जिले को मिला है। देर शाम तक गोरखपुर एसबीआई चेस्ट से इन जिलों के लिए भी रकम भेजी गई। बताया जा रहा है कि सोमवार की शाम तक सभी जिलों में संबंधित रकम पहुंच जाएगी।
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 नोटबंदी के बाद पहली बार जिले को इतनी बड़ी रकम मिली है। अब सोमवार से लेन-देन सुधरने की उम्मीद जताई जा रही है। शनिवार की शाम कई बैंकों ने अपने एटीएम भी फुल कर दिए। रविवार को अवकाश के बाद भी एटीएम से रुपये मिलेंगे। लीड बैंक मैनेजर राजकुमार सिंह के मुताबिक गोरखपुर एसबीआई की विभिन्न शाखाओं के लिए सर्वाधिक 360 करोड़ रुपये मिले हैं। इनमें मुख्य ब्रांच को दो सौ करोड़ रुपये मिले हैं।

पीएनबी के एजीएम पीके गांगुली ने बताया कि गोरखपुर समेत पांच जिलों की 103 ब्रांच के लिए 120 करोड़ रुपये मिले हैं। ग्रामीण क्षेत्र की ब्रांचों के लिए भी बड़ी रकम भेजी जा रही है। उन्होंने नागरिकों से शांति बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि बैंक अफसर-कर्मचारी के हाथ में कुछ भी नहीं है। अगर आरबीआई से रकम मिलेगी तो बैंकों से उसे जरूर बांटा जाएगा। किसी भी शाखा से किसी के साथ कोई भेदभाव नहीं किया जा रहा।  गोरखपुर के बैंकों शाखाओं को मिली रकम एसबीआई मुख्य शाखा- 200 करोड़
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एसबीआई रेलवे कालोनी शाखा- 60 करोड़
एसबीआई पीपीगंज शखा- 20 करोड़
एसबीआई बड़हलगंज शाखा- 20 करोड़
एसबीआई सहजनवां शाखा- 20 करोड़
एसबीआई बांसगांव शाखा- 40 करोड़
यूनियन बैंक- 100 करोड़
इलाहाबाद बैंक- 40 करोड़
बैंक ऑफ इंडिया- 40 करोड़
बैंक ऑफ बड़ोदा- 100 करोड़
सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया- 40 क रोड़
यूको बैंक- 20 करोड़
पीएनबी- 40 करोड़
ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स- 200 करोड़
पूर्वांचल बैंक- 40 करोड़
  अब तक 1680 करोड़ मिले, 4236 करोड़ जमा हुए लीड बैंक मैनेजर राजकुमार सिंह ने बताया कि नोटबंदी के बाद नौ नवंबर से लेकर शनिवार तक जिले को कुल 1680 करोड़ रुपये मिल चुके हैं। इसी तरह पांच सौ और हजार के करीब 4236 करोड़ रुपये जमा हो चुके हैं। शनिवार को जिले को सर्वाधिक एक हजार करोड़ रुपये मिले ।  स्वाइप मशीन भी दे गई दगा, सांसत में फंसे लोग बैंकों के सर्वर के साथ ही पेट्रोल पंप, शॉपिंग मॉल समेत तमाम दुकानों पर उपलब्ध स्वाइप मशीन भी दगा दे गई। तमाम लोगों को पेट्रोल पंप से लौटना पड़ा तो कई को एहतियातन गाड़ी छोड़ यात्रा के लिए दूसरे विकल्प तलाशने पड़े। इसी तरह मॉल और दूसरे कई दुकानों पर भी स्वाइप मशीन का सर्वर खराब होने की वजह से लोगों को खरीददारी के दौरान काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। पेट्रोल पंप पर तो पिछले चार दिनों से शाम सात बजे के बाद स्वाइप मशीन का सर्वर खराब हो जा रहा है। लोगों का कहना है कि बैंक और एटीएम से रुपये मिल नहीं रहे। स्वाइप मशीन के सर्वर का बुरा हाल है। ऐसे में तो पेट्रोल-डीजल और रोजमर्रा में इस्तेमाल होने वाले जरूरी खाद्य सामग्री आदि की खरीद मुश्किल हो गई है।     
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