एनईआर में एक और अधिकारी जबरन सेवानिवृत्त
गोरखपुर। मुख्यालय में ईडीपीएम सेल में तैनात क्लास टू के अफसर एके सिन्हा को जबरन सेवानिवृत्त दे दी गई है। आदेश की कॉपी रिसीव न करने पर रेलवे प्रशासन ने उसे सोमवार को उनके कार्यालय और आवास पर चस्पा कर दिया है। गौरतलब है कि इससे पूर्व पूर्वोत्तर रेलवे में मुख्य यात्री परिचालन प्रबंधक (सीपीटीएम) मनोज कुमार सिंह को जबरन सेवानिवृत्त कर दिया गया था। इस कार्रवाई से रेलवे में खलबली मची है।
रेलवे बोर्ड ने दागदार छवि वाले और 50 की उम्र पार कर चुके अधिकारियों को जबरन सेवानिवृत्त देने की कार्रवाई शुरू कर दी है। इसी क्रम में एके सिन्हा को जबरन सेवानिवृत्त किया गया है। एनई रेलवे के डिप्टी सीपीओ सनत जैन ने उनके कार्यालय पर नोटिस चस्पा कराया है। नोटिस में लिखा है कि रेलवे बोर्ड के निर्देश पर कार्रवाई की गई है। एके सिन्हा को 229505 रुपये का चेक देने की कोशिश की गई, लेकिन वे कार्यालय में उपलब्ध नहीं थे। उनके सीयूजी मोबाइल नंबर पर लगातार संपर्क किया गया, लेकिन वह बंद मिला। इस लिए कार्यालय और घर पर दो गवाहों के सामने नोटिस चस्पा कर दिया गया है। 18 दिसंबर, दोपहर से एके सिन्हा को सेवानिवृत्त माना जाएगा।
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100 से ज्यादा अफसरों की बनी है सूची
सूत्रों के मुताबिक देशभर में करीब 100 से ज्यादा अफसरों की सूची तैयार कर ली गई है। इसमें पूर्वोत्तर रेलवे के पांच से छह अफसर शामिल हैं। इसके साथ रेलकर्मियों की भी सूची बनाई जा रही है। उनकी कुंडली खंगाली जा रही है।