गोरक्षनाथ मंदिर परिसर स्थित दिग्विजयनाथ स्मृति सभागार में सोमवार से शुरू हो रही संत सभा की चिंतन बैठक की सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। संतों का गोरक्षनाथ मंदिर में देर शाम पहुंचना शुरू हो गया। एक फरवरी को दोपहर बाद से संत सभा के पदाधिकारियों की बैठक शुरू हो जाएगी। इसमें चिंतन बैठक के सभी एजेंडों को अंतिम रूप दिया जाएगा।
यह जानकारी गोरक्ष पीठाधीश्वर महंत आदित्यनाथ ने दी। उन्होंने कहा कि ब्रह्मलीन महंत दिग्विजयनाथ महराज के सांस्कृतिक राष्ट्रवाद एवं ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ महराज द्वारा जीवन पर्यंत चलाए गए सामाजिक समरसता अभियान को इस आयोजन में नई धार दी जाएगी। हिंदू समाज में छुआछूत, ऊंच-नीच जैसी विभेदकारी प्रवृत्तियों के खिलाफ हिंदू धर्माचार्य अपने -अपने क्षेत्र में अभियान चलाएं तथा हिंदू समाज को संगठित करने तथा एकता के सूत्र में बांधने की दिशा में पहल करें। चिंतन बैठक में सभी विषयों पर गहन मंथन कर संत समाज राष्ट्रीय जागरण अभियान में सक्रिय योगदान करने की पहल करेगा।
रविवार को महंत आदित्यनाथ तैयारियों की समीक्षा करते रहे। साथ ही कार्यकर्ताओं को निर्देश देते रहे। कार्यक्रम में शिरकत करने वाले कार्यकर्ताओं को फोटो पहचान पत्र जारी किया गया है। संपूर्ण आयोजन कि व्यवस्था के लिए 21 विभाग बनाए गए हैं।