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लाठीचार्ज में टूटा सपा सांसद का हाथ, बिना अनुमति जुलूस निकालने पर टकराव

Thu, 07 Mar 2019 05:29 PM IST
vivek shukla न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर
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लाठीचार्ज
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बिना अनुमति जुलूस निकालने और गोरखनाथ मंदिर की तरफ कूच करने पर बृहस्पतिवार को निर्बल इंडियन शोषित हमारा आम दल के नेता, कार्यकर्ताओं से पुलिस की भिड़ंत हो गई। पुलिस ने पहले पानी के बौछार से भीड़ को नियंत्रित करने की कोशिश की लेकिन बात नहीं बनी। इसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। लाठी पड़ने से सपा सांसद प्रवीण निषाद के हाथ में फ्रैक्चर हो गया। 

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पुलिस ने नेता, कार्यकर्ताओं को दौड़ा दौड़ाकर पीटा गया। महिलाओं को भी नहीं बख्शा गया। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े गए। घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बाद में मेडिकल कॉलेज भेजा गया। पुलिस ने प्रवीण निषाद समेत सैकड़ों कार्यकर्ताओं को भी हिरासत में लिया है।

निर्बल इंडियन शोषित हमारा आम दल की हल्ला बोल रैली बृहस्पतिवार को चिलुआताल इलाके के भगवानपुर स्थित मैदान में हुई। जिला प्रशासन ने सुबह 10 बजे से दोपहर दो बजे के बीच रैली की अनुमति दी थी। दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. संजय निषाद, सपा सांसद प्रवीण निषाद और सपा जिलाध्यक्ष प्रहलाद यादव ने रैली को संबोधित किया। साफ कहा कि निषादों को अनुसूचित जाति का सर्टिफिकेट दिया जाए। यह मामला लंबे समय से लटकाया गया है।
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 रैली के बाद नेता और कार्यकर्ता जुलूस निकालने लगे। पुलिस ने रोकने की कोशिश की तो नेता, कार्यकर्ता भिड़ गए। कहासुनी और गालीगलौज हुई। आम दल के कार्यकर्ता कहने लगे कि गोरखनाथ मंदिर जाकर विरोध प्रदर्शन करेंगे। पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़ दी गई। 

भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने पहले वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया लेकिन बात नहीं बन सकी। भीड़ गोरखनाथ मंदिर की तरफ बढ़ने लगी तो पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। आंसू गैस के गोले छोड़कर भीड़ को तितर-बितर किया, फिर दौड़ा-दौड़ाकर सबको पीटा गया। यह सिलसिला करीब एक घंटे तक चला। जुलूस की अगुवाई कर रहे सपा सांसद प्रवीण निषाद भी लाठीचार्ज की चपेट में आ गए। 

 

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लाठीचार्ज में घायल महिला
राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. संजय निषाद ने कहा कि शांतिपूर्ण आंदोलन चल रहा था, फिर भी पुलिस ने लाठीचार्ज किया। सांसद के साथ महिलाओं को पीटा गया। यह निंदनीय है। आगामी लोकसभा चुनाव में भाजपा को बड़ी हार मिलेगी। लाठीचार्ज का जवाब जनता वोट से देगी। लाठीचार्ज में कई लोग घायल हुए हैं। किसी का हाथ तो किसी का पैर टूटा है। शुक्रवार से धरना-प्रदशन करके विरोध जताया जाएगा। लाठीचार्ज सरकार के इशारे पर हुआ है। 

गोरखपुर एसएसपी डॉ. सुनील गुप्ता ने कहा कि रैली स्थल से बाहर जुलूस निकालने की अनुमति नहीं ली गई थी। सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे के बीच रैली होनी थी लेकिन लोगों ने कानून को अपने हाथ में लेने की कोशिश की। बिना अनुमति जुलूस निकाला गया। जगह जगह पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़ी गई। अराजकता फैलाने की कोशिश हुई तो पुलिस ने बल प्रयोग किया। बवाल करने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अराजकता फैलाने की छूट किसी को नहीं है।

सांसद समेत आठ को निजी मुचलके पर छोड़ा
गोरखनाथ मंदिर जाने की कोशिश और हंगामा करने के आरोप में पकड़े गए सदर सांसद प्रवीण निषाद समेत आठ लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया था। एसपी सिटी विनय कुमार सिंह ने बताया कि देर शाम सभी को निजी मुचलके पर छोड़ दिया गया।

सांसद की गाड़ी का शीशा टूटा
लाठीचार्ज हुआ तो सांसद प्रवीण निषाद गाड़ी में बैठ गए। निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. संजय निषाद का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने उनकी गाड़ी को चारों तरफ से घेर लिया। खींचकर सांसद को बाहर निकाला गया, फिर पैर के अगले हिस्से पर लाठी बरसाई गई। कहा कि पुलिस ने सांसद की गाड़ी का शीशा तोड़ दिया है।

दुकानों में दुबके कार्यकर्ता
पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठीचार्ज किया तो कार्यकर्ता आसपास की दुकानों में छिप गए। इसके बाद पुलिस ने ढूंढकर सबको निकाला और लाठी पटककर खदेड़ा। एक महिला कार्यकर्ता काफी उग्र दिखी। वह लाठी लेकर पुलिस से भिड़ गई। हालांकि महिला पुलिसकर्मियों ने उसे काबू में करके हिरासत में लिया। 

 
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