पटेल की जयंती पर माल्यापर्ण करते पटेल स्मारक सेवा संस्थान के लोग।
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सरदार बल्लभ भाई पटेल का जन्म दिवस राष्ट्रीय अखंडता दिवस और इंदिरा गांधी की पुण्यतिथि राष्ट्रीय संकल्प दिवस के रूप में मनाई गई। इस मौके पर कलेक्ट्रेट सभागार में डीएम संध्या तिवारी व आयुक्त सभागार में कमिश्नर अनिल कुमार ने पटेल और इंदिरा गांधी के चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धा सुमन अर्पित किए और मातहतों को राष्ट्रीय एकता, अखंडता की शपथ दिलाई।
कमिश्नर ने बताया कि सरदार पटेल का कहना था कि हमें आपसी मन मुटाव को भूलना होगा और ऊंच-नीच के भेदभाव को दूर कर सभी को बराबरी का दर्जा देना होगा। देश के विकास एवं नई दिशा में सरदार पटेल ने जो योगदान दिया है उसका आकलन शब्दों में नहीं किया जा सकता है। उन्होंने देश को एकसूत्र में बांधने के लिए अथक प्रयास किया। डीएम ने सरदार पटेल के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उन्होंने पूरा जीवन देश की एकता एवं अखंडता के लिए न्यौछावर कर दिया। हम सबको उनके कृत्यों से प्रेरणा लेकर देश की सेवा में अपने को समर्पित करना चाहिए। कहा कि इंदिरा गांधी भी लौह महिला की तरह थीं।
उनका कहना था कि जो राष्ट्र आत्मनिर्भर है, वही शक्तिशाली है। हमें दूसरों पर निर्भर नहीं रहना चाहिए। इस मौके पर एडीएम (वित्त) चंद्र भूषण त्रिपाठी, एडीएम (नगर) रजनीश चंद्र, एडीएम (प्रशासन) लवकुश त्रिपाठी सहित कई अफसर और कर्मचारी मौजूद रहे।