कमिश्नर साहब, आपकी तो कोई सुनता ही नहीं
राजीव रंजन
गोरखपुर। शहर को जाम की समस्या से निजात दिलाने के लिए बैठक कर आदेश जारी करते रहें, लेकिन कमिश्नर साहब आपकी तो कोई सुनता ही नहीं है। शहर में ट्रक न सिर्फ आ रहे हैं, बल्कि उन सभी स्थानों पर खड़े रहते हैं, जहां डीएम, एसएसपी, एसपी ट्रैफिक, ट्रक मालिकों और ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन की मौजूदगी में हुई बैठक में पूरी तरह से प्रतिबंधित किया गया था। साथ ही यह भी तय किया गया था, 15 अगस्त से नगरीय क्षेत्र में खड़े होने पर ट्रकों का चालान किया जाएगा और उन्हें बंद करने की कार्रवाई की जाएगी, लेकिन सब ढाक के तीन पात।
22 दिन पहले छह अगस्त को कमिश्नर जयंत नार्लिकर की अध्यक्षता में हुई बैठक में सभी ट्रांसपोर्टरों को निर्देशित किया गया था कि नगरीय क्षेत्र में अपने गोदामों को बंद करके गीडा में स्थित ट्रांसपोर्ट नगर में ले जाएं। यह भी कहा गया था कि यदि ट्रांसपोर्टर 15 अगस्त के पहले गीडा शिफ्ट नहीं करते तो शहर में स्थित गोदाम सील कर दिया जाएगा। इस दौरान ट्रकों का शहर में प्रवेश पर पूरी तरह प्रतिबंधित करते हुए कहा गया था कि 15 अगस्त के बाद कोई भी ट्रक, नो एंट्री के बाद भी किसी प्रकार का व्यावसायिक सामान चढ़ाने या उतारने के लिए नगरीय क्षेत्र के अंदर नहीं आने पाएगा। इस सारी कवायद के बावजूद शहर में ट्रकों की न सिर्फ धड़ल्ले से आवाजाही हो रही है बल्कि वे सड़क किनारे खड़े होकर जाम भी लगा रहे हैं।
ट्रांसपोर्ट नगर पुलिस चौकी से महेवा
मंडी तक सड़क पर ट्रकों का कब्जा
शहर से बनारस और लखनऊ की ओर निकलना हो तो जाम के चलते रुस्तमपुर ढाला से ट्रांसपोर्ट नगर की दूरी तय करना बड़ी मुसीबत है। ट्रांसपोर्ट नगर पुलिस चौकी से महेवा मंडी तक जाम की समस्या काफी ज्यादा है। वजह यहां सड़क के दोनों ओर फल लदे ट्रक पूरे दिन खड़े रहते हैं। यहीं पर इनकी बिक्री भी होती है। जिम्मेदार इस समस्या की ओर आंखें बंद किए रहते हैं।
लाल डिग्गी और साहबगंज में अब भी ट्रांसपोर्टर सक्रिय
कमिश्नर ने शहर के लाल डिग्गी एवं साहबगंज क्षेत्र में कार्यरत सभी ट्रांसपोर्टरों को गीडा स्थित ट्रांसपोर्ट नगर शिफ्ट करने का निर्देश दिया था। साथ ही यहां ट्रकों का खड़ा होना पूरी तरह से प्रतिबंधित किया गया था, लेकिन स्थिति अब भी जस की तस है
पांच स्थानों पर बैरिकेडिंग करेगा नगर निगम
बैठक के दौरान नगर निगम को पुराने ट्रांसपोर्ट नगर के सभी प्रवेश द्वार पर लोहे के एंगल से बेरिकेडिंग कराने का निर्देश दिया गया था। नगर निगम ने पांच स्थानों पर बैरिकेडिंग बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। निगम के चीफ इंजीनियर सुरेश चंद ने कहा कि इसके लिए टेंडर जारी कर दिया गया है।
व्यवस्था को लागू करने को लेकर लगातार प्रयास किया जा रहा है। शहर में आने वाले ट्रकों पर जुर्माना बढ़ाया गया है। नगर निगम को 10 दिन के अंदर बैरियर लगाने का निर्देश दिया गया है। उम्मीद है कि इसके बाद शहर में ट्रकों का प्रवेश पूरी तरह से प्रतिबंधित हो जाएगा।
जयंत नार्लिकर, कमिश्नर
कोट
गुड्स ट्रांसपोर्ट का कोई भी गोदाम शहर से बाहर नहीं गया है। लाल डिग्गी, साहबगंज में बड़ी संख्या में ट्रक खड़े हो रहे हैं, जबकि कमिश्नर की अध्यक्षता में हुई बैठक में इसे प्रतिबंधित किया गया था। ट्रांसपोर्ट नगर के पास एक दिन चालान किया गया था, उसके बाद कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। - श्रीप्रकाश पांडेय, अध्यक्ष, गोरखपुर ट्रक आपरेटर एसोसिएशन
15 अगस्त से शहर में ट्रकों के प्रवेश पर पूरी तरह से रोक का प्रावधान किया गया है। स्थायी बैरिकेडिंग चिह्नित कर नगर निगम को इसकी सूची दे दी गई है। सभी ट्रक एसोसिएशन को सख्ती से नियमों का पालन का निर्देश भी दिया गया है। जो भी इसका उल्लंघन कर रहा है, उस ट्रक का चालान किया जा रहा है। जल्द ही कार्रवाई तेज की जाएगी। - आदित्य वर्मा, एसपी ट्रैफिक