बाइक तेज चलाने से मना करने पर प्रधान के ससुर की पीटकर हत्या
हरनही (गोरखपुर)। खजनी इलाके के पिपरा गंगा गांव में तेज बाइक चलाने से मना करने पर शनिवार की रात बवाल हो गया। एक पक्ष के लोगों ने गोलबंद होकर प्रधान के घर धावा बोल दिया और मारपीट कर प्रधान के ससुर लालू प्रसाद निषाद (59) को लाठी-डंडों से पीटकर मौत के घाट उतार दिया। मारपीट में प्रधान पति अमित निषाद (37) व भाई सुनील निषाद (20) का सिर फट गया। घटना के बाद से ही आरोपी अष्टभुजा सिंह, इंद्रजीत सिंह आदि घर छोड़कर फरार है। गांव में जातीय संघर्ष की आशंका में पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है। पुलिस आरोपियों की सरगर्मी से तलाश कर रही है।
जानकारी के मुताबिक पिपरा गंगा की प्रधान वंदना के पति अमित कुमार निषाद ने घर पर शुभचिंतकों को लिट्टी चोखा की दावत दी थी। रात आठ बजे के करीब इंद्रजीत सिंह का 25 वर्षीय बेटा अष्टभुजा सिंह बाइक से गुजर रहा था। उसके घर जाने का रास्ता अमित के घर के सामने से है। इस दौरान अमित के भाई सुनील ने बाइक धीरे चलाने को कहा। इसी बात पर दोनों में कहासुनी हो गई और सुनील ने अष्टभुजा को थप्पड़ मार दिया। यह बात अष्टभुजा ने घर जाकर पिता को बताई। आरोप है कि इसके बाद ही राजपूत परिवार के लोग एकजुट होकर आए और हमला कर दिया। हमलावरों के आते ही दावत में आए लोग भाग गए।
हमलावरों ने मारपीट कर सुनील, अमित, उनके पिता लालू प्रसाद और मां सावित्री को घायल कर दिए। मारपीट करने के बाद आरोपी फरार हो गए और सूचना पर आई पुलिस ने घायलों को अस्पताल भेजा। जिला अस्पताल लाते समय लालू प्रसाद की रास्ते में ही मौत हो गई।
आरोपियों के घर को फूंकने की कोशिश
गोरखपुर। खजनी इलाके के पिपरा गंगा गांव में दो पक्षों की मारपीट में लालू प्रसाद निषाद की मौत से प्रधान समर्थक उग्र हो गए हैं। आरोपियों के घर को प्रधान समर्थकों ने फूंकने की भी कोशिश की। हालांकि पुलिस फोर्स की सतर्कता से उग्र लोगों को रोक दिया गया है। आरोपियों के घर से पुरुष फरार हो गए हैं। घर में सिर्फ महिलाएं ही बची हैं। इस वजह से सुरक्षा के लिहाज से उनके घर के बाहर पुलिस तैनात कर दी गई हैं। गांव पूरी तरह से पुलिस छावनी में तब्दील हो गया है।
गांव में विवाद और हत्या के बाद ग्रामीण दो गुटों में बंट गए हैं। अंदर खाने इसे प्रधानी चुनाव से भी जोड़कर देखा जा रहा है। प्रधान के घर दावत में उनके समुदाय के अलावा अन्य शुभचिंतक भी जुटे थे। इसी दौरान आदित्य का बाइक चलाने को लेकर विवाद होने पर इतनी बड़ी वारदात होना किसी के गले से नहीं उतर रहा है। विरोधियों को साधने के लिए ही दावत बुलाई गई थी। क्योंकि कुछ समय बाद ही चुनाव होना है। वहीं गांव में माहौल शांत हो सके, इसके लिए पुलिस बल तैनात हैं। आरोपियों को पकड़ा गया है और इसकी जानकारी प्रधान पक्ष को भी दे दी गई है ताकि वह कोई ऐसा कदम न उठाएं, जिससे माहौल खराब हो। पूरे घटनाक्रम पर एसएसपी डॉ. सुनील कुमार गुप्ता नजर बनाए हुए हैं।