इलाके के कुसम्ही रेलवे स्टेशन के पास चंद्रिका कॉलोनी में शनिवार की रात 9 बजे के करीब एक तरफा प्यार में प्रॉपर्टी डीलर बलराम यादव (25) ने खुद को गोली मारकर खुदकुशी कर ली। घटना से घबराई युवती अपनी मां के साथ फरार हो गई मगर सात साल के बच्चे को वहीं छोड़ दिया।
सूचना पर गई पुलिस को बच्चे ने पूरा घटनाक्रम बताया है, जिसके बाद पुलिस ने खुदकुशी करार दिया। पहले पुलिस को गोली मारकर हत्या किए जाने की सूचना मिली थी। मृतक बलराम के जेब से पुलिस को गोली भी मिली है। हालांकि असलहा अभी नहीं मिला है। फोरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं।
जानकारी के मुताबिक खोराबार के मद्रहवां टोला निवासी बलराम यादव (25) जमीन की खरीद-फरोख्त का काम करते थे। शनिवार की शाम छह बजे के करीब घर से एक दावत में जाने की बात कहते हुए निकले थे। रात 9 बजे के करीब बलराम युवती के घर के बाहर पहुंचे। इस युवती ने बलराम के खिलाफ 04 सितंबर को कैंट थाने में छेड़खानी का केस दर्ज कराया था।
युवती के घर के बाहर बलराम ने खुद को गोली मारी। सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंच गई। जांच में पता चला कि बलराम के कान के पास गोली मारी गई है, जो सिर को छेदते हुए पार हो गई थी। बलराम की अभी एक साल पहले ही शादी हुई थी। कोई बच्चा नहीं है।
बच्चे ने यह बताई पूरी घटना
युवती के सात वर्षीय भाई ने बताया कि बलराम घर में आया था और मीट खाने के बाद बहन का हाथ पकड़कर जबरन बाहर ले जाने लगा। मना करने पर गेट के पास उसने खुद को गोली मार ली। पुलिस का कहना है कि जिस गन से खुदकुशी की गई है, उसे युवती ने डर के कारण कहीं छिपा दिया है।
गोरखनाथ थाने में भी युवती ने केस कराया था
युवती ने बलराम के खिलाफ कैंट थाने के साथ ही गोरखनाथ थाने में भी केस दर्ज कराया था। तब वह जेल भी गया था। दरअसल, युवती से पहले उसकी दोस्ती थी लेकिन शादी होने के बाद युवती ने उससे दोस्ती खत्म कर ली। इसके बावजूद बलराम जबरन उससे बात करने की कोशिश करता था।
आजिज होकर ही कैंट व गोरखनाथ थाने में केस दर्ज कराया था। उसके मुताबिक चार सितंबर को छेड़खानी से मना करने पर बलराम ने मुंह पर गुटखा थूक दिया था। इस मामले में भी कैंट पुलिस ने केस दर्ज किया था।
छानबीन में मामला खुदकुशी का सामने आया है। एकतरफा प्यार में युवक ने खुद को गोली मारी है। घटना से डरी युवती व उसकी मां कहीं चली गई हैं। मगर सात साल का बच्चा घर में है, जो पूरी घटना बता रहा है।
डॉ. सुनील कुमार गुप्ता, एसएसपी