गोरखपुर। बाइक से हादसे के बाद पुलिस ने इसे कब्जे में ले लिया था। दोनों पक्षों में सुलह होने पर दरोगा ने बाइक को छोड़ दी। इसे लेकर गोला थाने का दीवान बृहस्पतिवार को दोपहर दरोगा से उलझ गया। कहासुनी बाद गाली - गलौज करने के साथ ही हाथापाई तक हो गई। थाने में मौजूद पुलिसकर्मियों ने बीच - बचाव किया।
गोला प्रतिनिधि के अनुसार गोपालपुर गांव के रामदयाल की बाइक से एक सप्ताह पहले हादसा हो गया था। पुलिस ने बाइक को कब्जे में ले लिया था। बृहस्पतिवार को दोनों पक्ष के लोगों ने समझौता कर लिया। थाना प्रभारी के निर्देश पर दरोगा राजेंद्र पांडेय ने बाइक की चाभी रामदयाल को दे दी। इसी बीच थाने पहुंचे दीवान ध्रुव देव नारायण ने विरोध शुरू कर दिया। थाना प्रभारी के निर्देश पर दरोगा ने गाड़ी की चाभी देने की बात कही इसके बाद भी दीवान नहीं रुके । गाली - गलौज करने के साथ ही हाथापाई शुरू की दी।
थाने में मौजूद सिपाहियों ने बीच -बचाव करने के साथ ही मामले की जानकारी इंस्पेक्टर सुनील राय को दी। इसे देख थाने में इस दौरान मौजूद फरियादी भी हतप्रभ रह गए। बाइक के मालिक रामदयाल ने बताया कि चाभी लेने वह दीवान के पास गए थे लेकिन वह रुपये मांग रहे थे। दरोगा से कहने पर उन्होंने तुरंत चाभी दे दी इससे नाराज होकर दीवान ने विवाद कर लिया।