गोरखपुर।
42 लाख
की शराब के साथ ट्रक चालक के
अपहरण के मामले में सहजनवां
पुलिस ने एक संदिग्ध को हिरासत
में लिया है। वहीं दूसरी तरफ
पुलिस की एक टीम बिहार जांच
करने गई है। पुलिस को चालक की
भूमिका पर भी शक है। अपहरणकर्ताओं
ने ट्रक और चालक को छोड़ने के
लिए दस लाख की फिरौती मांगी
है।
आईजीएल
गीडा शराब फैक्ट्री से सात
अक्टूबर को 42
लाख
की एक ट्रक शराब जौनपुर जाने
के लिए निकली थी। इसमें 1500
पेटी
देशी शराब लदी थी। आईजीएल के
अधिकारियों ने ट्रक को रुस्तमपुर
दुबे ट्रांसपोर्ट एजेंसी के
शिवाकांत दुबे से बुक किया
था। शिवाकांत का ट्रक महराजगंज
का परतावल निवासी अदालत (40)
चलाता
था। हालांकि अदालत शिवाकांत
का सबसे पुराना ड्राइवर था।
तीन दिन तक ट्रक के जौनपुर
नहीं पहुंचने के बाद ट्रक
मालिक शिवाकांत से आईजीएल के
अधिकारियों ने संपर्क किया।
शिवाकांत की तहरीर पर सहजनवां
पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच
शुरू कर दी है। इस दौरान शिवाकांत
के मोबाइल पर ड्राइवर अदालत
का फोन आया और उसने अपहरण किए
जाने की जानकारी दी। अपहरणकर्ताओं
ने ट्रक और चालक को छोड़ने के
लिए दस लाख रुपये की फिरौती
मांगे जाने की बात बताई। इसके
बाद से पुलिस हरकत में आ गई।
सूत्रों के मुताबिक पुलिस
ड्राइवर के गांव से एक संदिग्ध
को हिरासत में लेकर पूछताछ
कर रही है। वहीं दूसरी तरफ
क्राइम ब्रांच और सहजनवां
थाने की एक टीम बिहार रवाना
हो गई है।