झंगहा के भवरही में रविवार की रात हुई डकैती की घटना फर्जी निकली। पति और सास के उत्पीड़न से परेशान होकर महिला ने घटना की झूठी कहानी बनाई थी। उसने गहने और रुपये बक्से से निकालकर छुपा दिए थे। लोगों को कहानी पर संदेह न हो इसके लिए बच्चों से अपने हाथ बंधवा लिए थे। पूछताछ के बाद मंगलवार को पुलिस ने घटना का खुलासा करने के साथ ही गहने बरामद किए।
पुलिस लाइंस में मंगलवार की शाम घटना का खुलासा करते हुए एसपी (ग्रामीण) ब्रजेश सिंह ने बताया कि भवरही गांव के अशोक कुमार सूरत में रहते हैं। बच्चों के साथ घर पर रहने वाली उनकी पत्नी आरती ने रविवार की रात घर में डकैती होने की सूचना दी थी। पुलिस को उसने बताया था कि डकैत बंधक बनाकर घर में रखे जेवर, रुपये लेकर फरार हो गए। धमकी देकर उन्होंने दरवाजा खुलवाया था। घटना स्थल की छानबीन में कोई साक्ष्य न मिलने और कहानी पर संदेह होने के बाद एसपी (क्राइम) विनय सिंह, सीओ चौरीचौरा एसएन सिंह मामले की छानबीन कर रहे थे। बच्चों से बातचीत के बाद सारी सच्चाई सामने आ गई। पति और सास की प्रताड़ना से परेशान होकर आरती ने डकैती की झूठी सूचना पुलिस के साथ ही गांव के लोगों को दी थी।
बच्चों को जगाकर अपने हाथ बंधवाने के बाद किसी को घटना के बारे में न बताने को कहा था। आरती की निशानदेही पर गहने और रुपये उसके कमरे से बरामद किए गए। एसपी (ग्रामीण) ने बताया कि डकैती की झूठी सूचना देकर पुलिस को गुमराह करने के मामले में कार्रवाई की जाएगी।