जिले के सभी थानेदार रोजाना रात में पांच बदमाशों के घर दबिश देंगे। रात दो बजे तक वे क्षेत्र में गतिशील रहेंगे। इसके बाद सुबह नौ बजे तक नाइट अफसर गश्त पर रहेंगे। आईजी, डीआईजी, एसएसपी के साथ ही एसपी और सीओ इसकी निगरानी करेंगे। यही नहीं, जोन आफिस को रोजाना कार्रवाई की जानकारी भी देनी होगी।
पुलिस लाइंस में आईजी एचआर शर्मा ने रविवार को डीआईजी, एसएसपी के साथ ही जिले के सभी सीओ, थानेदारों के साथ क्राइम मीटिंग की। अपराध पर लगाम लगाने के लिए आईजी ने थानेदारों से अपराधियों के साथ सख्ती बरतने को कहा। उन्होंने रोजाना रात में दो बजे तक खुद गश्त करने के साथ ही क्षेत्र में रहने वाले पांच-पांच लुटेरे, वाहन चोर, हिस्ट्रीशीटर के घर जाकर दबिश देने का निर्देश दिया।
साथ ही रात दो से सुबह नौ बजे तक नाइट अफसरों को क्षेत्र में भ्रमण करने को कहा। आईजी ने सभी सीओ से रोजाना होने वाली कार्रवाई का पर्यवेक्षण कर थानेदारों के साथ ही नाइट अफसर की सक्रियता जांचने को कहा। उन्होंने एसपी (सिटी), एसपी (ग्रामीण) के साथ ही एसपी क्राइम, एसपी यातायात से सभी की सक्रियता की जांच करने को कहा।
थानेदारों की ओर से की गई कार्रवाई की निगरानी जोन आफिस से की जाएगी। देर रात तक चली क्राइम मीटिंग में आईजी ने जिले में हुई हत्या, लूट, छिनैती के लंबित मामले की जानकारी लेने के बाद एसएसपी को जल्द इनके पर्दाफाश का निर्देश दिया।
दोपहर में बैंक, बाजार में होगी संदिग्धों की जांच
थानेदारों को सुबह 10 से 12 बजे तक थाने पर रहना है। विशेष परिस्थिति में डे अफसर को जिम्मेदारी देकर ही उन्हें थाना छोड़ने की इजाजत होगी। दोपहर 12 से दो बजे के बीच क्षेत्र के बैंक, बाजार में संदिग्ध हाल में घूमने वाले लोगों की सघन चेकिंग करने का भी निर्देश दिया गया है।