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डबल मर्डर में दूसरा हत्यारा भी गिरफ्तार

Fri, 15 Jan 2016 01:29 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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गोरखपुर। विंध्यवासिनी नगर कॉलोनी निवासी पूर्वोत्तर रेलवे के डिप्टी चीफ इंजीनियर और उनकी पत्नी की हत्या के दूसरे आरोपी रेहान अहमद उर्फ सोनू को कोतवाली पुलिस ने बृहस्पतिवार को रेलवे बस स्टैंड के पास से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उसके पास से लूटे गए पांच लाख के जेवरात भी बरामद किए।
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हत्याकांड में शामिल अनवर उर्फ पिंटू और उसे शरण देने वाला मामा महताब हुसैन को पहले ही जेल भेजा जा चुका है। दो अन्य आरोपियों गोलू और राजू की तलाश में पुलिस की दो टीमें लगाई गई हैं।
पुलिस लाइंस में प्रेस वार्ता में एसएसपी लव कुमार ने बताया कि कोतवाली बबिना रोड नियामत चक निवासी जमाल का पुत्र रेहान उर्फ सोनू संजय और तूलिका की हत्या में शामिल था। बृहस्पतिवार की सुबह मुखबिर से सूचना मिली कि रेहान लूटे हुए जेवरात लेकर अपने मामा के यहां भागने की फिराक में है।
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इस पर इंस्पेक्टर कोतवाली विजय राज सिंह और क्राइम ब्रांच की टीम ने रेलवे बस स्टैंड के पास से उसे गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से पुलिस ने पांच लाख के सोने के जेवरात, लूटा गया मोबाइल फोन और एक चाकू बरामद किया है।
सर्विलांस सेल की मदद से पकड़ा गया रेहान
रेहान अहमद उर्फ सोनू वारदात को अंजाम देने के बाद पिंटू के साथ फतेहपुर चला गया था। पुलिस टीम ने जब फतेहपुर में दबिश दी वह राजू और गोलू के साथ जेवरात लेकर फरार हो गया। पिंटू की जिस जैकेट में जेवरात रखे थे उसे सोनू ने पहन रखी थी। एसएसपी के अनुसार फतेहपुर से वह गोरखपुर आया था, लेकिन कुछ देर रुकने के बाद वह बिहार के बगहा में अपने मामा नौवरोज के यहां चला गया। वहां से सोनू ने अपने भाई से फोन पर दो बार बातचीत की थी जिससे सर्विलांस की मदद से पुलिस ने उसे धर दबोचा।
सुबह साढ़े चार बजे पकड़ी थी लखनऊ की बस
संजय और तूलिका की हत्या के बाद चारों आरोपियों ने फतेहपुर जाने के लिए शुक्रवार की भोर में साढ़े चार बजे रेलवे बस स्टैंड से लखनऊ के लिए बस पकड़ी थी। लखनऊ से चारों फतेहपुर चले गए थे। जब उन्हें पुलिस टीम के फतेहपुर पहुंचने की जानकारी हुई तो वे वहां से फरार हो गए।
अंकल को पिंटू ने मारा था
पुलिस की पूछताछ में सोनू ने बताया कि उसने संजय श्रीवास्तव का पैर पकड़ा था, जबकि पिंटू ने उनकी हत्या की। प्रिंसिपल तूलिका का पैर गोलू ने पकड़ा था और राजू ने उनकी हत्या की। सोनू ने बताया कि राजू अपनी ससुराल भाग गया है, जबकि गोलू के बारे में उसे कोई जानकारी नहीं है। सोनू ने बताया कि पिंटू को पता था कि दरवाजे की चाभी कहां रखी जाती है और कौन से ताले में कौन सी चाभी लगती है।
सोनू पर दर्ज हैं दो मुकदमे
सोनू जाफरा बाजार में राजेश मिस्त्री के यहां बाइक मैकेनिक का काम करता था। इससे पहले उसने राज टॉकिज के नजदीक बबलू मिस्त्री के यहां भी काम किया था। वर्ष 2014 में सोनू को कैंट पुलिस ने बाइक चोरी में जेल भेजा था। चोरी की बाइक उसके पास मिली थी। एसएसपी लव कुमार ने पिंटू, राजू, सोनू और गोलू के पर पांच-पांच हजार का इनाम घोषित किया था। हत्याकांड के दो आरोपी पकड़े जा चुके है, जबकि राजू और गोलू फरार हैं।
पुलिस ने बेहतरीन काम किया
इंजीनियर संजय श्रीवास्तव के छोटे भाई अजय श्रीवास्तव ने बताया कि एसएसपी लव कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने बेहतरीन काम किया है। सोनू के पास मिले जेवरात उनकी भाभी तूलिका श्रीवास्तव के ही हैं।
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